भाजपा किसान मोर्चा का जिला मंत्री है आरोपी, शांति भंग के आरोप में दोनों पक्षों के 30 लोग हिरासत में
किच्छा(उधमसिंह नगर)। नगर पालिका किच्छा और सिरौलीकलां के चुनाव के बाद मतगणना परिसर में भाजपा और कांग्रेस समर्थकों के बीच हुए विवाद के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। किच्छा विधायक तिलकराज बेहड़ को थप्पड़ मारने के आरोप में पुलिस ने पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के करीबी बताए जा रहे धीरज कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। धीरज कुमार भाजपा किसान मोर्चा का जिला मंत्री बताया जा रहा है।
घटना के बाद पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए दोनों पक्षों से जुड़े करीब 30 लोगों को हिरासत में लिया है। इनमें विधायक तिलकराज बेहड़ और उनके समर्थकों के साथ ही पूर्व विधायक राजेश शुक्ला तथा उनके समर्थक शामिल हैं। पुलिस ने हिरासत में लिए गए लोगों के खिलाफ पुलिस एक्ट के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।
मतगणना परिसर में आमने-सामने आए समर्थक
एसएसपी अजय गणपति के अनुसार, मंगलवार को नगर पालिका किच्छा और सिरौलीकलां के चुनाव के लिए मतदान संपन्न होने के बाद नई मंडी स्थित मतगणना परिसर में विधायक तिलकराज बेहड़ और पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के समर्थक आमने-सामने आ गए थे। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई।
आरोप है कि इसी दौरान धीरज कुमार ने विधायक तिलकराज बेहड़ को थप्पड़ मार दिया। घटना के बाद मौके पर तनाव की स्थिति बन गई, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए दोनों पक्षों के लोगों को हिरासत में लिया।
दोनों पक्षों से मांगी गई थी तहरीर
एसएसपी अजय गणपति ने बताया कि पुलिस की ओर से दोनों पक्षों से तहरीर मांगी गई थी। पूर्व विधायक राजेश शुक्ला की ओर से पुलिस को तहरीर प्राप्त हुई है, जबकि विधायक तिलकराज बेहड़ की ओर से फिलहाल तहरीर नहीं दी गई है।
पुलिस का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
2006 के हत्या मामले में भी गिरफ्तार हो चुका है धीरज
पुलिस के अनुसार, विधायक तिलकराज बेहड़ को थप्पड़ मारने के आरोप में गिरफ्तार किया गया धीरज कुमार वर्ष 2006 में हत्या के एक मामले में भी गिरफ्तार हो चुका है। पुलिस अब उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और अन्य गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है।
बताया गया है कि करीब एक वर्ष पहले धीरज कुमार कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा का प्रतिनिधि भी रहा था। हालांकि, कुछ माह पहले उसे इस जिम्मेदारी से हटा दिया गया था। पुलिस अब उसके पुराने रिकॉर्ड और वर्तमान गतिविधियों की भी जांच कर रही है।
मतगणना के दौरान तनाव को लेकर पुलिस सतर्क
नगर पालिका चुनाव के बाद मतगणना परिसर में दोनों राजनीतिक पक्षों के समर्थकों के आमने-सामने आने से पुलिस ने स्थिति को गंभीरता से लिया है। एसएसपी ने बताया कि शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए दोनों पक्षों से जुड़े लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस की कार्रवाई का उद्देश्य क्षेत्र में किसी भी तरह के तनाव और विवाद को बढ़ने से रोकना है।
