सीएम योगी ने बीच में छोड़ा अलीगढ़ दौरा, डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक बोले- अपनी आंखों से देखे 14 शव
लखनऊ। राजधानी लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र स्थित पुरनिया में सोमवार को एक कोचिंग सेंटर में भीषण आग लगने से बड़ा हादसा हो गया। आग लगने के बाद पूरी इमारत धुएं से भर गई, जिससे अंदर मौजूद छात्रों में अफरा-तफरी मच गई। जान बचाने के लिए कई छात्रों ने ऊंचाई से छलांग लगा दी, जबकि इस दर्दनाक हादसे में 14 छात्रों की मौत होने की सूचना है। कई अन्य छात्र गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही दमकल विभाग, पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। डीजीपी राजीव कृष्ण, प्रमुख सचिव गृह संजय प्रसाद, जिलाधिकारी और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी राहत एवं बचाव कार्य की निगरानी कर रहे हैं। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक भी घटनास्थल पर पहुंचे और बचाव कार्यों का जायजा लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इमारत से अचानक घना धुआं निकलता दिखाई दिया। कुछ ही देर में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरा परिसर आग की चपेट में आ गया। धुएं के कारण कई छात्र अंदर फंस गए, जबकि कुछ ने खिड़कियों और ऊपरी मंजिलों से कूदकर जान बचाने की कोशिश की।
बचाव अभियान के दौरान बगल के मकान की छत से कोचिंग सेंटर की दीवार काटकर अंदर फंसे छात्रों तक पहुंचने का प्रयास किया गया। अब तक 10 लोगों को सुरक्षित निकालकर ट्रॉमा सेंटर भेजा गया है। राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है।
घटनास्थल पर मौजूद उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक हादसे को देखकर भावुक हो गए। उन्होंने कहा, “मैंने अपनी आंखों से 14 शव देखे हैं। यह अत्यंत दुखद और हृदय विदारक घटना है।”
इस बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अलीगढ़ में चल रहा अपना कार्यक्रम बीच में ही छोड़ दिया। लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान हादसे की जानकारी मिलने पर उन्होंने तुरंत लखनऊ लौटने का निर्णय लिया।
मुख्यमंत्री ने कहा, “लखनऊ में हुई अग्नि दुर्घटना अत्यंत दुखद है। जिन परिवारों ने अपने बच्चों को खोया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। घायलों के समुचित उपचार के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस महानिदेशक और अपर मुख्य सचिव गृह को मौके पर जाकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया है। दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर भी शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत छात्रों की आत्मा की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
चश्मदीद अमन ने बताया कि भवन में लाइब्रेरी और कंप्यूटर कोर्स से जुड़ी गतिविधियां संचालित होती थीं। उन्होंने कहा, “जब हम पहुंचे तो इमारत से धुआं निकल रहा था। हमने 5-6 लोगों को बाहर निकाला। एक युवक जान बचाने के लिए नीचे कूद गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। अभी भी कुछ लोगों के अंदर फंसे होने की आशंका है।”
फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है। प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है। वहीं पूरे शहर में इस हादसे को लेकर शोक की लहर है।

