देहरादून: उत्तराखंड शासन ने भारतीय वन सेवा (IFS) अधिकारियों के दायित्वों में व्यापक फेरबदल करते हुए कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार वन विभाग में प्रशासनिक कसावट और कार्यों के बेहतर संचालन के उद्देश्य से यह बदलाव किए गए हैं।
नई तैनाती के तहत प्रमुख वन संरक्षक एसपी सुबुद्धि को प्रमुख वन संरक्षक वन पंचायत का दायित्व सौंपा गया है। वहीं पीसीसीएफ कपिल लाल को सीईओ कैंपा नियुक्त किया गया है, साथ ही उन्हें नियोजन एवं वित्तीय प्रबंधन का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है।
अपर प्रमुख वन संरक्षक विवेक पांडे को परियोजना एवं सामुदायिक वानिकी के साथ-साथ सीसीएफ इंटेलिजेंस की अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है। एपीसीसीएफ नरेश कुमार को मुख्य वन संरक्षक प्रशासन का अतिरिक्त चार्ज सौंपा गया है।
काफी समय से बाध्य प्रतीक्षा में चल रहे अपर प्रमुख वन संरक्षक सुरेंद्र मेहरा को अब वन अनुसंधान प्रबंधन एवं प्रशिक्षण, सतर्कता और विधि प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं अपर प्रमुख वन संरक्षक मीनाक्षी जोशी को वन संरक्षण नोडल अधिकारी बनाया गया है।
शासन ने सीसीएफ सुशांत पटनायक को वन संरक्षण, वनाग्नि एवं आपदा प्रबंधन का दायित्व दिया है, जबकि सीसीएफ प्रसन्न पात्रो को मानव संसाधन विकास एवं कार्मिक प्रबंधन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मैदानी और पर्वतीय क्षेत्रों के वन सर्किलों में भी बदलाव किए गए हैं। वन संरक्षक पंकज कुमार को दक्षिण वृत्त, नीतिश मणि त्रिपाठी को पश्चिमी वृत्त तथा विनय भार्गव को वन अनुसंधान का वन संरक्षक बनाया गया है।
इसके अलावा आकाश वर्मा को नंदा देवी बायोस्फीयर का निदेशक नियुक्त किया गया है, जबकि बाध्य प्रतीक्षारत नीतू लक्ष्मी को वन संरक्षक यमुना वृत्त की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
वन विभाग में हुए इस बड़े फेरबदल को प्रशासनिक मजबूती और विभागीय कार्यप्रणाली को और प्रभावी बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
