चंबा। हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। सलूणी उपमंडल की ग्राम पंचायत लनोट के लनोट और फगड़ोग गांवों में भारी बारिश के बाद मलबा और पानी घरों में घुस गया, जिससे कई परिवारों को नुकसान उठाना पड़ा। वहीं, पंगोला नाला के पास भारी मात्रा में मलबा और चट्टानें गिरने से चंबा-तीसा मुख्य मार्ग पूरी तरह बंद हो गया है, जिससे 25 से अधिक पंचायतों का जिला मुख्यालय से संपर्क प्रभावित हो गया।
दो मकानों को भारी नुकसान
फगड़ोग गांव में तानी पुत्र कंठ और नारद पुत्र लछमण के मकानों में अचानक मलबा और बारिश का पानी घुस गया। इस घटना में दोनों परिवारों की घरेलू संपत्ति को नुकसान पहुंचा, जबकि नारद के मकान में दरारें आने से भवन को गंभीर क्षति पहुंची है।
सूचना मिलते ही ग्राम पंचायत लनोट के प्रधान देसराज मौके पर पहुंचे और प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में बादल फटने जैसी स्थिति बनने के बाद अचानक भारी मात्रा में मलबा आया, जिससे दोनों मकानों को नुकसान पहुंचा। घटना की सूचना प्रशासन को दे दी गई है।
चंबा-तीसा मार्ग बंद, यात्रियों की बढ़ी परेशानी
लगातार बारिश के कारण पंगोला नाला के पास भारी मात्रा में मलबा और पत्थर सड़क पर आ गए, जिससे चंबा-तीसा मुख्य मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया। सड़क बंद होने से 25 से अधिक पंचायतों के लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई है।
इसका असर तीसा, सनवाल, बैरागढ़, बौंदेड़ी, खजुआ, बिहाली, देवीकोठी, सेईकोठी और झज्जाकोठी सहित कई क्षेत्रों पर पड़ा है, जिनका जिला मुख्यालय से संपर्क फिलहाल बाधित है। सड़क के दोनों ओर कई वाहन फंस गए हैं, जिससे यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
राहत और बहाली कार्य जारी
उपायुक्त मुकेश रेपसवाल ने बताया कि लगातार हो रही बारिश के कारण जिले में कई स्थानों पर भूस्खलन और मलबा आने की घटनाएं सामने आई हैं। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग (PWD) और अन्य संबंधित विभागों की टीमें सड़क से मलबा हटाकर यातायात बहाल करने और राहत कार्यों में जुटी हुई हैं। उपायुक्त ने लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन द्वारा जारी एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है।

