भवाली (नैनीताल)। भवाली-अल्मोड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर मनरसा के पास स्थित गुप्तेश्वर मंदिर के महंत कृष्णा गिरी (54) का शव शुक्रवार सुबह संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी के फंदे से लटका मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही खैरना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। महंत की मौत को लेकर स्थानीय लोगों ने हत्या की आशंका जताई है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह जब श्रद्धालु और स्थानीय लोग मंदिर पहुंचे तो उन्होंने महंत कृष्णा गिरी का शव फंदे से लटका देखा। घटना की खबर फैलते ही आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग मंदिर परिसर पहुंच गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक साक्ष्य जुटाने शुरू कर दिए।
महंत की मौत को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुरुवार को महंत ने कुछ लोगों को नदी में करंट लगाकर मछलियां मारने पर कड़ी फटकार लगाई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी विवाद के चलते उनके साथ कोई अनहोनी हुई हो सकती है। लोगों ने आशंका जताई है कि महंत की हत्या कर शव को फंदे से लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई है।
ग्रामीणों और श्रद्धालुओं का कहना है कि कृष्णा गिरी लंबे समय से मंदिर में सेवा दे रहे थे और क्षेत्र में उनका सम्मान था। ऐसे में उनकी संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से लोगों में आक्रोश और दुख का माहौल है। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से मामले की गहन और निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाने की मांग की है।
खैरना चौकी प्रभारी सतीश चंद्र उपाध्याय ने बताया कि पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।

