चंपावत: सेप्टिक टैंक में उतरे इंजीनियर और कारपेंटर की दम घुटने से मौत

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चंपावत डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम इंजीनियरिंग कॉलेज के निर्माणाधीन गर्ल्स हॉस्टल में रविवार दोपहर बड़ा हादसा हो गया। सेप्टिक टैंक की शटरिंग खोलने उतरे साइट इंजीनियर और कारपेंटर जहरीली गैस की चपेट में आकर मौत के शिकार हो गए। हादसे के बाद निर्माण स्थल पर अफरातफरी मच गई।

जानकारी के अनुसार कार्यदायी संस्था अग्रवाल कंस्ट्रक्शन कंपनी के साइट इंजीनियर शिवराज चौहान (28) पुत्र प्रेम सिंह, मूल निवासी ग्राम चगेटी, भनोली और कारपेंटर हसन (24) पुत्र तौकीर रजा, निवासी नौगवां बीसलपुर, पीलीभीत रविवार को सेप्टिक टैंक की शटरिंग खोलने उतरे थे। टैंक में पहले से गैस बनी हुई थी। जहरीली गैस के संपर्क में आते ही दोनों की हालत बिगड़ गई और वे अचेत हो गए।

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सूचना पर सीओ वंदना वर्मा व कोतवाल चेतन रावत के नेतृत्व में पुलिस, फायर, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला गया और अस्पताल ले जाया गया, जहां डाॅ. मानवेंद्र शुक्ला ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

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साथी कर्मियों ने बताया कि सेप्टिक टैंक का निर्माण करीब पांच माह पहले पूरा हो गया था। बारिश के कारण जुड़े हुए तीन चैंबर अब तक नहीं खोले जा सके थे। रविवार को पहले चैंबर को खोलने के बाद दोनों दूसरे चैंबर में उतरे, तभी यह हादसा हो गया।

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मृतक इंजीनियर शिवराज परिवार का इकलौता बेटा था, जबकि हसन तीन भाइयों में सबसे छोटा था। दोनों की मौत की खबर से परिजनों व परिचितों में कोहराम मच गया है।

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