बाल रोग से लेकर हड्डी, त्वचा और मानसिक स्वास्थ्य तक विशेषज्ञों ने किया परीक्षण, 116 एक्स-रे, 175 लोगों की टीबी स्क्रीनिंग
हल्दूचौड़ (हल्द्वानी)। प्रदेश सरकार के “सेवा, सुशासन एवं समर्पण” अभियान के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हल्दूचौड़ में आयोजित मल्टी स्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर के दूसरे दिन क्षेत्रवासियों को एक ही स्थान पर विभिन्न विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाओं का लाभ मिला। मुख्य चिकित्सा अधिकारी नैनीताल डॉ. रश्मि पंत के निर्देशन में आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर जांच, परामर्श और उपचार सुविधाओं का लाभ उठाया।
शिविर में जनरल मेडिसिन, बाल रोग, नेत्र रोग, अस्थि रोग, दंत चिकित्सा, आयुष, मानसिक स्वास्थ्य, टीबी जांच एवं परामर्श के साथ एनसीडी स्क्रीनिंग, प्रयोगशाला जांच, एक्स-रे, ईसीजी, परिवार कल्याण सेवाएं, आयुष्मान भारत योजना, आभा आईडी निर्माण और स्वास्थ्य परामर्श जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं।
दूसरे दिन शिविर में कुल 318 लाभार्थियों का पंजीकरण किया गया। बाल रोग विशेषज्ञ ने 67 बच्चों, अस्थि रोग विशेषज्ञ ने 42 मरीजों, चर्म रोग विशेषज्ञ ने 54 मरीजों और मानसिक रोग विशेषज्ञ ने 16 मरीजों का परीक्षण एवं परामर्श किया। इसके अलावा 294 लोगों की ब्लड प्रेशर जांच, 163 की ब्लड शुगर जांच और 175 लोगों की टीबी स्क्रीनिंग की गई।
शिविर में 24 लोगों की नेत्र जांच, 34 की दंत जांच और 82 लोगों की खून की जांच की गई, जबकि 116 लोगों के एक्स-रे किए गए। डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के तहत 110 आभा आईडी और 12 आयुष्मान कार्ड भी बनाए गए। इस तरह क्षेत्रवासियों को अलग-अलग अस्पतालों में जाने के बजाय एक ही स्थान पर कई विशेषज्ञ सेवाएं और आवश्यक जांच उपलब्ध हुईं।
चिकित्सा अधीक्षक डॉ. सुधीर कन्याल ने शिविर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और लाभार्थियों से संवाद कर स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक मरीज को गुणवत्तापूर्ण, संवेदनशील और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत ने कहा कि जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ, प्रभावी और जनकेंद्रित बनाने के लिए विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। मल्टी स्पेशलिटी शिविरों के माध्यम से विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं, जरूरी जांच और उपचार सुविधाएं लोगों के नजदीक पहुंचाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविर गंभीर बीमारियों की शीघ्र पहचान, समयबद्ध उपचार और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
शिविर के सफल आयोजन में डॉ. पार्थ, डॉ. शुभम दुमका, डॉ. राजदीप बिंद्रा, डॉ. प्रभात सिंह, डॉ. शालिनी कपूर, डॉ. सीएस टोलिया, डॉ. कनिका पंत, हरीश चंद फोलोरिया, मदन गोस्वामी, कैलाश चंद्र, कमलेश चंद, मंजू आर्या, श्वेता शर्मा, उषा रेकवाल, अंजली अधिकारी, रेनू और दीपिका आर्या सहित आईईसी अधिकारी दीवान बिष्ट एवं स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों ने सक्रिय सहयोग किया।

