हल्द्वानी: निजी अस्पताल के एमडी ‘फर्जी एंबुलेंस’ से निकले नैनीताल, पुलिस चेकिंग में खुली पोल, थार से उतारी लाल-नीली लाइट

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हल्द्वानी। नैनीताल आवागमन को लेकर पुलिस द्वारा सख्त चेकिंग किए जाने के बावजूद कुछ लोग नियमों को ठेंगा दिखाने से बाज नहीं आ रहे हैं। पुलिस स्पष्ट कर चुकी है कि नैनीताल जाने से किसी को रोका नहीं जा रहा, केवल संदिग्ध वाहनों की ही जांच की जा रही है, लेकिन इसके बावजूद लोग चेकिंग से बचने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपना रहे हैं।

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ऐसा ही एक मामला हल्द्वानी में पुलिस चेकिंग के दौरान सामने आया, जब पुलिस ने एक निजी अस्पताल के एमडी और उनके दोस्तों को थार वाहन पर एंबुलेंस की लाइट लगाकर नैनीताल जाते हुए पकड़ा। पुलिस को वाहन संदिग्ध प्रतीत होने पर रोका गया तो पूरा मामला सामने आ गया।

पुलिस जांच में पता चला कि संबंधित एमडी अपने दोस्तों के साथ निजी वाहन से नैनीताल जा रहे थे। पुलिस की सख्ती से बचने और बिना रोके निकलने के उद्देश्य से उन्होंने थार की छत पर एंबुलेंस की लाल-नीली लाइट लगा रखी थी। हालांकि पुलिस ने वाहन को रोककर जब गहन जांच की तो एंबुलेंस होने का कोई वैध दस्तावेज नहीं मिला।

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पूछताछ के दौरान एमडी और उनके साथियों ने पुलिस को अपना परिचय दिया और लाइट लगाने का कारण बताया। इसके बाद पुलिस ने तत्काल वाहन से एंबुलेंस लाइट उतरवा दी और मोटर वाहन अधिनियम के तहत नियमों के उल्लंघन पर चालान काट दिया।

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पुलिस ने स्पष्ट किया कि आपातकालीन वाहनों की नकल कर विशेषाधिकार लेने की कोशिश करना गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। भविष्य में इस तरह की हरकतों पर और सख्त कार्रवाई की जाएगी।

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