2026 का पहला सूर्य ग्रहण आज, आसमान में दिखेगी ‘रिंग ऑफ फायर’

खबर शेयर करें

17 फरवरी को बनेगा अद्भुत खगोलीय संयोग, भारत में नहीं होंगे दर्शन

नई दिल्ली। साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण मंगलवार, 17 फरवरी को लगेगा। यह एक विशेष प्रकार का चक्राकार (Annular) सूर्य ग्रहण होगा, जिसे आम भाषा में ‘रिंग ऑफ फायर’ कहा जाता है। भारतीय समयानुसार यह ग्रहण दोपहर 12:31 बजे शुरू होगा और लगभग 2 मिनट 20 सेकंड तक अपने चरम पर रहेगा। हालांकि यह दुर्लभ खगोलीय घटना दक्षिणी गोलार्ध में दिखाई देगी, भारत में इसके दर्शन संभव नहीं होंगे क्योंकि उस समय सूर्य भारतीय क्षितिज के नीचे रहेगा।

यह भी पढ़ें 👉  Uttarakhand: अल्मोड़ा हत्याकांड का सात दिन में खुलासा...पिता की हत्या के आरोप में बेटी-दामाद जम्मू-कश्मीर से गिरफ्तार

परिणामस्वरूप चंद्रमा एक काले डिस्क की तरह दिखाई देता है और उसके चारों ओर सूर्य का चमकदार घेरा बन जाता है। यही चमकता हुआ छल्ला ‘रिंग ऑफ फायर’ कहलाता है। इस बार चंद्रमा सूर्य के केंद्र का लगभग 96 प्रतिशत हिस्सा ढक लेगा, लेकिन किनारों पर सूर्य की तेज रोशनी बनी रहेगी।

यह भी पढ़ें 👉  Uttarakhand: आज भी मूसलाधार बारिश का ऑरेंज अलर्ट, 26 जुलाई तक नहीं मिलेगी राहत

हालांकि खगोल विज्ञान में रुचि रखने वाले लोग अंतरराष्ट्रीय वेधशालाओं और स्पेस एजेंसियों की लाइव स्ट्रीमिंग के माध्यम से इस दुर्लभ घटना को देख सकेंगे।

इन देशों में दिखेगा शानदार नजारा
इस सूर्य ग्रहण का सबसे स्पष्ट और प्रभावशाली दृश्य अंटार्कटिका में देखने को मिलेगा, खासकर वहां स्थित कॉनकॉर्डिया और मिर्नी अनुसंधान केंद्रों के आसपास।

यह भी पढ़ें 👉  होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का फिर सख्त नियंत्रण, अमेरिका से बढ़ा टकराव
ADVERTISEMENTS

You cannot copy content of this page