ट्रंप का बड़ा बयान: “ईरान की नौसेना खत्म”, परमाणु ठिकानों पर हमले का दावा

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वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने देश के नाम संबोधन में बड़ा दावा करते हुए कहा कि Iran की नौसेना पूरी तरह खत्म कर दी गई है और उसके परमाणु कार्यक्रम को भी गंभीर नुकसान पहुंचाया गया है। उन्होंने दोहराया कि ईरान को किसी भी हाल में परमाणु हथियार बनाने नहीं दिया जाएगा।

अपने संबोधन की शुरुआत में ट्रंप ने NASA और Artemis II मिशन के अंतरिक्ष यात्रियों को बधाई दी, लेकिन जल्द ही उनका फोकस ईरान के खिलाफ जारी सैन्य कार्रवाई पर आ गया।

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ट्रंप ने कहा कि पिछले चार हफ्तों में अमेरिकी सेना ने युद्ध के मैदान में “तेज, निर्णायक और अभूतपूर्व जीत” हासिल की है। उनके अनुसार, ईरान की मिसाइल और ड्रोन हमले करने की क्षमता में भारी कमी आई है, जबकि हथियार बनाने वाले कारखानों और रॉकेट लॉन्चरों को बड़े पैमाने पर नष्ट किया गया है।

उन्होंने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान को परमाणु बम बनाने से रोक दिया है और उसके कई परमाणु ठिकानों को तबाह कर दिया गया है। ट्रंप ने ‘एपिक फ्यूरी’ नामक सैन्य अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि अमेरिकी सेना ने बेहद सटीक और प्रभावी हमले किए हैं।

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राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि ईरान की सैन्य ताकत अब काफी कमजोर हो चुकी है और उसकी आक्रामक क्षमता घट गई है। उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य का जिक्र करते हुए कहा कि अब दुनिया को खुद तय करना होगा कि इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग को कैसे संचालित किया जाए।

बताया जा रहा है कि यह संघर्ष 28 फरवरी को United States और Israel के संयुक्त अभियान से शुरू हुआ था, जिसका उद्देश्य ईरान के परमाणु और मिसाइल कार्यक्रम को खत्म करना था। शुरुआती हमलों के बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए और ईरान ने भी जवाबी कार्रवाई तेज कर दी।

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मौजूदा हालात में यह टकराव अब वैश्विक चिंता का विषय बन चुका है। ऊर्जा आपूर्ति, तेल कीमतों और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर इसके संभावित असर को लेकर दुनिया भर में चिंता बढ़ती जा रही है।

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