नैनीताल/ओखलकांडा। नैनीताल जिले के खनस्यूं थाना क्षेत्र में पत्नी की पीट-पीटकर हत्या करने के बाद फरार हुए आरोपी पति को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने अपने चार बच्चों की मौजूदगी में पत्नी डिक्री देवी के साथ डंडों और चम्मच आदि से बेरहमी से मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी रातभर घर में ही रहा और अगले दिन बच्चों को धमकाकर घर से फरार हो गया।
पुलिस के अनुसार, 22 अगस्त 2026 को थाना खनस्यूं पुलिस को ग्राम तल्ला ओखलकांडा में महिला की हत्या की सूचना मिली थी। सूचना पर पुलिस टीम के साथ हल्द्वानी से फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल को सुरक्षित करते हुए जरूरी भौतिक साक्ष्य जुटाए।
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी भीम सिंह पुत्र मानसिंह ने अपने चार बच्चों के सामने पत्नी के साथ मारपीट की थी। आरोप है कि उसने डंडों और चम्मच आदि से पत्नी को बुरी तरह पीटा। गंभीर चोटों के चलते उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी घर पर ही सो गया। अगले दिन सुबह उसने बच्चों को धमकाया और घटना के बारे में किसी को कुछ नहीं बताने की हिदायत दी। इसके बाद वह घर से फरार हो गया।
मृतका के पिता गुमान सिंह की तहरीर के आधार पर थाना खनस्यूं में आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी ने आरोपी की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए।
एसपी क्राइम/ट्रैफिक डॉ. जगदीश चन्द्र और क्षेत्राधिकारी भवाली रविकांत सेमवाल के पर्यवेक्षण में तथा थानाध्यक्ष खनस्यूं अनीस अहमद के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई। पुलिस ने आरोपी की तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी और सुरागरसी-पतारसी शुरू की।
लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने 24 अगस्त 2026 को आरोपी भीम सिंह को वडियाड लूगड़, काठगोदाम के पास से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। मामले की विवेचना अभी जारी है।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह घटना के समय शराब के नशे में था और उसे पत्नी के किसी अन्य व्यक्ति से अवैध संबंध होने का शक था। इसी शक में उसने पत्नी के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई।
आरोपी की गिरफ्तारी करने वाली टीम में थानाध्यक्ष अनीस अहमद, चौकी प्रभारी ओखलकांडा उपनिरीक्षक कृष्णा गिरी, अपर उपनिरीक्षक नरेश कुमार, हेड कांस्टेबल महेश मर्तोलिया, हेड कांस्टेबल भूजेंद्र सिंह, कांस्टेबल राम सिंह राणा और कांस्टेबल जय किशन शामिल रहे।
