CBSE छात्रों को बड़ी राहत: अतिरिक्त कटी फीस होगी रिफंड, दोबारा आवेदन की जरूरत नहीं

खबर शेयर करें

नई दिल्ली। Central Board of Secondary Education ने 12वीं कक्षा के उन छात्रों और अभिभावकों को बड़ी राहत दी है, जिन्हें स्कैन की गई उत्तर पुस्तिकाओं (आंसर शीट) के आवेदन के दौरान तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि 21 और 22 मई 2026 को तकनीकी खामी के चलते जिन छात्रों के खाते से अतिरिक्त शुल्क कट गया था, वह पूरी राशि वापस कर दी जाएगी।

सीबीएसई के अनुसार यह रिफंड उसी बैंक खाते, कार्ड या भुगतान माध्यम में भेजा जाएगा, जिससे फीस जमा की गई थी। वहीं जिन छात्रों से तकनीकी कारणों से निर्धारित शुल्क से कम राशि ली गई है, उन्हें शेष भुगतान के लिए अलग से सूचित किया जाएगा।

यह भी पढ़ें 👉  सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट, बाजार में हड़कंप

दोबारा आवेदन करने की जरूरत नहीं

सीबीएसई ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि जिन छात्रों को भुगतान के दौरान परेशानी हुई थी, उन्हें उनकी स्कैन कॉपियां हर हाल में उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके लिए छात्रों को दोबारा आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। बोर्ड अपने स्तर पर पूरी प्रक्रिया को पूरा कर रहा है।

दरअसल, कक्षा 12वीं के कई छात्र अपनी जांची गई उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए आवेदन कर रहे थे, लेकिन आवेदन प्रक्रिया के शुरुआती दिनों में वेबसाइट पर भारी तकनीकी समस्याएं सामने आईं। कई छात्रों ने शिकायत की कि वेबसाइट ठीक से काम नहीं कर रही थी और भुगतान होने के बावजूद स्कैन कॉपी उपलब्ध नहीं हो पा रही थी।

यह भी पढ़ें 👉  नाइजीरिया में सबसे बड़ी ‘मास किडनैपिंग’: कैथोलिक स्कूल से 315 लोग अगवा, बढ़ते आतंकी हमलों से दहशत

कुछ मामलों में छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि उनसे निर्धारित शुल्क से अधिक राशि काट ली गई। लगातार बढ़ती शिकायतों के बाद सीबीएसई ने आवेदन की अंतिम तिथि को कई बार बढ़ाया और अंततः इसे 24 मई तक कर दिया।

यह भी पढ़ें 👉  बजट 2025: शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र को बड़ा प्रोत्साहन, मेडिकल कॉलेजों में 75 हजार नई सीटें

शिक्षा मंत्री ने मांगी रिपोर्ट

छात्रों को हुई परेशानी को गंभीरता से लेते हुए Dharmendra Pradhan ने पूरे मामले का संज्ञान लिया है। रिपोर्ट्स के अनुसार केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने सीबीएसई से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।

उन्होंने सर्वर डाउन होने, पेमेंट गेटवे फेल होने और तकनीकी खामियों के कारणों की जानकारी मांगी है। साथ ही संबंधित एजेंसियों और अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के निर्देश भी दिए हैं, ताकि भविष्य में छात्रों को ऐसी परेशानियों का सामना न करना पड़े।

ADVERTISEMENTS

You cannot copy content of this page