Weather Update: उत्तराखंड में अगले दो दिन भारी बारिश का अलर्ट, चार जिलों में ऑरेंज चेतावनी

खबर शेयर करें

देहरादून। उत्तराखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ अत्यंत तीव्र वर्षा और आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। मौसम की गंभीर परिस्थितियों को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग ने सभी जिलों को सतर्क रहने और आवश्यक तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिए हैं।

भारत मौसम विज्ञान विभाग, देहरादून की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार 9 अगस्त को बागेश्वर, पिथौरागढ़ और चमोली के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर गरज-चमक और अत्यंत तीव्र वर्षा की संभावना है। वहीं राज्य के अन्य पर्वतीय क्षेत्रों में भी तेज बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका बनी हुई है।

यह भी पढ़ें 👉  राशिफल 17 सितम्बर 2025

9 अगस्त को देहरादून, रुद्रप्रयाग, नैनीताल और चम्पावत में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा हरिद्वार और ऊधमसिंहनगर में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।

10 अगस्त को भी मौसम का मिजाज चुनौतीपूर्ण रहने की संभावना है। इस दिन देहरादून, बागेश्वर, नैनीताल और चम्पावत में भारी से बहुत भारी वर्षा के साथ गरज-चमक और अत्यंत तीव्र बारिश की आशंका है। राज्य के अन्य जिलों में भी कहीं-कहीं तेज वर्षा, गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना बनी रहेगी।

मौसम विभाग ने उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, टिहरी, पौड़ी, पिथौरागढ़ और ऊधमसिंहनगर में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। ऐसे में पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन, सड़क अवरुद्ध होने और नदी-नालों के जलस्तर बढ़ने की स्थिति को लेकर प्रशासन को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।

यह भी पढ़ें 👉  Haldwani: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर ज्योति अधिकारी को बड़ी राहत, सीजेएम कोर्ट से मिली जमानत

मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने सभी संबंधित जिलों को आवश्यक सावधानियां बरतने और 24×7 अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। संबंधित विभागों को अपने स्तर पर जरूरी संसाधन, उपकरण और मशीनरी तैयार रखने को कहा गया है। सड़क मार्ग बाधित होने की स्थिति में तत्काल कार्रवाई कर मार्ग खोलने के निर्देश भी दिए गए हैं।

अधिकारियों और कर्मचारियों को मौसम की इस अवधि में मोबाइल फोन स्विच ऑफ न करने तथा आवश्यक सुरक्षा उपकरण अपने साथ रखने को कहा गया है। किसी भी आपदा या अप्रिय घटना की सूचना तत्काल संबंधित अधिकारियों और राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (SEOC) तक पहुंचाने के निर्देश भी दिए गए हैं।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड: पिथौरागढ़ से मुरादाबाद जा रही स्कार्पियो नहर में गिरी, एक महिला की मौत, पांच घायल

सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने प्रदेशवासियों के साथ ही उत्तराखंड आने वाले पर्यटकों से मौसम विभाग की चेतावनी को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि भारी बारिश के दौरान लोग नदी-नालों, गदेरों और बरसाती नालों के आसपास जाने से बचें। जलभराव वाले स्थानों और कमजोर पुलों को पार करने का प्रयास न करें।

उन्होंने पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और पत्थर गिरने की आशंका वाले मार्गों पर विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। मौसम खराब होने की स्थिति में अनावश्यक यात्रा से बचने और संभव हो तो यात्रा स्थगित करने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति में घबराने के बजाय स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन तंत्र के निर्देशों का पालन करें।

ADVERTISEMENTS

You cannot copy content of this page