Uttarakhand: अंतरराज्यीय फर्जी आधार कार्ड गिरोह पकड़ा, दो शातिर आरोपी गिरफ्तार

खबर शेयर करें

पिथौरागढ़। जनपद पुलिस ने ऑपरेशन क्रैकडाउन के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए अंतरराज्यीय स्तर पर सक्रिय फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। कोतवाली पुलिस ने सटीक सर्विलांस और जांच के दम पर उत्तर प्रदेश के बहराइच से दो शातिर आरोपितों को गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया।

घटना का खुलासा 23 फरवरी को उस समय हुआ, जब कोतवाली प्रभारी ललित मोहन जोशी के नेतृत्व में ‘पहचान ऐप’ के माध्यम से व्यापक सत्यापन अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान उपनिरीक्षक कमलेश जोशी की टीम को एक संदिग्ध युवक कमलेश कुमार मिला। जांच में उसके पास से फर्जी आधार कार्ड बरामद हुआ, जिससे पुलिस को बड़े गिरोह की भनक लगी।

यह भी पढ़ें 👉  गौशाला में आग लगने से युवक की मौत, फॉरेंसिक टीम ने की जांच...गांव में शोक

इसके बाद पुलिस ने पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया। उपनिरीक्षक ललित डंगवाल की अगुवाई में टीम ने बहराइच के दौलतपुर स्थित एक दुकान पर छापेमारी की, जहां से गिरोह के मुख्य सरगना मनीष कुमार गुप्ता समेत कमलेश कुमार को धर दबोचा गया।

यह भी पढ़ें 👉  Haldwani: कोरोना की दस्तक...सुशीला तिवारी अस्पताल में 76 वर्षीय महिला संक्रमित, आइसोलेशन वार्ड में भर्ती

छापे के दौरान आरोपितों के कब्जे से बड़ी संख्या में फर्जी आधार कार्ड और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि यह गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से फर्जी दस्तावेज तैयार कर रहा था।

यह भी पढ़ें 👉  बागेश्वर: डीएम आशीष भटगांई की अनोखी पहल, अब स्कूल से ही बनेंगे प्रमाण-पत्र, छात्रों को नहीं जाना पड़ेगा तहसील

पुलिस ने दोनों आरोपितों के खिलाफ धारा 337/340(2) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। इस पूरी कार्रवाई में हेड कांस्टेबल भूपेंद्र सिंह, सत्येंद्र सुयाल और सर्विलांस सेल के कमल तुलेरा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों और नेटवर्क की कड़ियों को खंगालने में जुटी है, जिससे आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे होने की संभावना है।

ADVERTISEMENTS

You cannot copy content of this page