संस्कृति के वाहक के रूप में साहित्य का विशेष योगदान, हरफनमौला साहित्यिक संस्था का शरद शब्दोत्सव आयोजित

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हल्द्वानी। हरफनमौला साहित्यिक संस्था ने गुरुवार को अपने 9वें वार्षिकोत्सव का आयोजन शरद शब्दोत्सव के रूप में किया। इस अवसर पर रामपुर रोड स्थित मंगलम मैरिज लॉन में विराट कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस कार्यक्रम में संस्था द्वारा नए साल के कैलेंडर का विमोचन भी किया गया।

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कार्यक्रम का उद्घाटन निवर्तमान जिला पंचायत उपाध्यक्ष आनंद दरम्वाल, भाविप के रीजनल सचिव भगवान सहाय, रोटरी क्लब के सचिव आशीष दुम्का और पर्यटक टूरिस्ट कंपनी के चेयरमैन गौरव खोलिया ने मां सरस्वती और अटल बिहारी वाजपेयी के चित्र के सामने दीप प्रज्वलित करके किया। इस दौरान आनंद दरम्वाल ने कहा कि साहित्य जीवन में संस्कृति का विकास करता है और इसके माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। उन्होंने कहा, “संस्कृति के वाहक के रूप में साहित्य का विशेष योगदान है, हमें किताबों से दोस्ती करनी चाहिए।”

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शरद शब्दोत्सव में 20 से अधिक बाल कवियों के साथ-साथ वरिष्ठ और युवा कवियों ने भी अपनी रचनाओं का पाठ किया। इस दौरान कवियों ने अपनी काव्य कला से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम में पूरन भट्ट, डॉ. गीता मिश्रा, डॉ. अंकिता चांदना, कमल सिंह, हर्षित जोशी, ललिता, आयुष सहित अन्य कवियों ने अपनी कविताएं प्रस्तुत की।

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इस कार्यक्रम में मास्टर्स स्कूल, इमैनुएल स्कूल और सनबीम स्कूल के बच्चों ने भी भाग लिया। समारोह में हरिओम गुप्ता, सेवालय संस्था के अध्यक्ष रोहित जोशी, चंपा त्रिपाठी सहित कई प्रतिष्ठित व्यक्ति मौजूद रहे।

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