होली पर लगेगा चंद्र ग्रहण, इन राशि वालों को हो सकती है धन हानि, अभी से जानिए उपाय

खबर शेयर करें

नई दिल्ली। इस बार होली पर चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है, जिसका प्रभाव सभी राशियों पर पड़ेगा। ग्रहण के बुरे प्रभावों से बचने के लिए विशेष उपाय करना शुभ माना जाता है। ज्योतिषियों के अनुसार, चंद्र मंत्र जाप, दान-पुण्य और भगवान शिव की पूजा करने से ग्रहण की नकारात्मकता को कम किया जा सकता है।

ग्रहण से पहले करें ये शुभ कार्य

✅ चंद्र मंत्र का जाप करें
ग्रहण के दौरान “ॐ सोम सोमाय नमः” मंत्र का जाप करने से मन शांत होता है और नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होता है।

यह भी पढ़ें 👉  ब्रज का फालैन गांव: जहां होलिका दहन में पुजारी सकुशल पार करता है जलती आग

✅ जरूरतमंदों को करें दान
ग्रहण के समय खाद्य सामग्री, वस्त्र या धन का दान करने से परिवार में समृद्धि बनी रहती है और अशुभ प्रभाव दूर होते हैं।

✅ भगवान शिव की करें विशेष पूजा
भगवान शिव को चंद्रमा का स्वामी माना जाता है। ऐसे में ग्रहण के समय शिवलिंग का जलाभिषेक और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करना लाभकारी रहेगा।

✅ तुलसी के पत्तों का प्रयोग
ग्रहण से पहले तुलसी के पत्तों को पानी, भोजन या अचार में डाल दें। इससे नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होगा और भोजन शुद्ध बना रहेगा।

यह भी पढ़ें 👉  हादसों का कहर: सात की मौत, 11 घायल, कई घरों में पसरा मातम

✅ स्नान और घर की सफाई
ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान कर लें और घर की सफाई करें, इससे तन और मन दोनों शुद्ध होंगे।

5 राशियों को रहना होगा सतर्क

ग्रहण के कारण मेष, मिथुन, वृश्चिक, मकर और मीन राशि वालों के लिए समय चुनौतीपूर्ण हो सकता है।

⚠️ इन बातों का रखें ध्यान:

  • किसी से विवाद करने से बचें।
  • बिना सोचे-समझे निवेश करने से नुकसान हो सकता है।
  • आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है, पैसों के लेन-देन में सावधानी बरतें।
  • स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें, वाहन चलाते समय सतर्क रहें।
  • मेष राशि वालों के लिए 29 मार्च से शनि की साढ़ेसाती शुरू होगी, इसलिए उन्हें अधिक सावधान रहने की जरूरत है।
यह भी पढ़ें 👉  रामनगर में होटल कर्मचारी की बेरहमी से हत्या, शव के बगल में बेफिक्री से लेटा मिला आरोपी

ज्योतिषियों के अनुसार, सही उपायों को अपनाकर ग्रहण के बुरे प्रभावों से बचा जा सकता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा लाई जा सकती है।

ADVERTISEMENTS

You cannot copy content of this page