हरिद्वार: भक्ति का ऐसा दृश्य शायद ही कभी देखा हो, जब पत्नी ने पति को कंधों पर बैठाकर चढ़ाया गंगाजल

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हरिद्वार। सावन के पहले सोमवार पर शिवभक्तों की आस्था का जनसैलाब हरिद्वार के शिवालयों में उमड़ा, वहीं श्रद्धा और समर्पण की एक अनूठी मिसाल देखने को मिली। उत्तर प्रदेश के मोदीनगर की एक महिला अपने दिव्यांग पति को कंधों पर बैठाकर हरिद्वार के दक्षिणेश्वर महादेव मंदिर पहुंची और भोलेनाथ का जलाभिषेक कर भक्ति का अद्भुत उदाहरण पेश किया।

मोदीनगर निवासी सचिन पिछले साल एक दुर्घटना के बाद चलने-फिरने में असमर्थ हो गए। बावजूद इसके, उन्होंने भगवान शिव को जल चढ़ाने का संकल्प लिया। सचिन की यह इच्छा पूरी करने का बीड़ा उनकी पत्नी ने उठाया। वह उन्हें हरिद्वार तक लाईं और अपने कंधों पर बैठाकर मंदिर दर्शन और पूजा-अर्चना करवाई। इस दौरान उनके दो छोटे बच्चे भी साथ थे।

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सचिन ने बताया, “मैं पहले 13 बार कांवड़ यात्रा कर चुका हूं। इस बार मेरी शारीरिक स्थिति ने मुझे रोक लिया, लेकिन पत्नी की श्रद्धा और हिम्मत ने रास्ता बना दिया। मैंने भगवान शिव से स्वास्थ्य लाभ की मन्नत मांगी है।” उनका कहना है कि यह यात्रा उनके लिए आस्था, विश्वास और परिवार के प्रेम का प्रतीक है।

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शिवालयों में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

सावन के पहले सोमवार को हरिद्वार के शिवालयों, खासकर कनखल स्थित दक्षिणेश्वर महादेव मंदिर में सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें देखी गईं। श्रद्धालु जलाभिषेक कर सुख-शांति, समृद्धि और मनोकामना पूर्ति की प्रार्थना करते नजर आए।

एक कांवड़िए ने कहा, “हमारा मकसद केवल जल चढ़ाना नहीं, बल्कि यह यात्रा भक्ति, अनुशासन और संकल्प की होती है। हमारी कामना है कि सभी कांवड़िए सुरक्षित और सफल यात्रा पूरी करें।”

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सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद

भारी भीड़ को देखते हुए हरिद्वार पुलिस-प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। ट्रैफिक व्यवस्था से लेकर भीड़ प्रबंधन तक हर स्तर पर पुलिस तैनात रही, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

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