5 जून तक करें ऑनलाइन अप्लाई, इस बार कॉमन एंट्रेंस टेस्ट से होंगे प्रवेश
देहरादून। एचएनबी उत्तराखंड चिकित्सा शिक्षा विश्वविद्यालय ने नर्सिंग एवं पैरामेडिकल प्रवेश परीक्षा-2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। राज्य के सरकारी और निजी नर्सिंग व पैरामेडिकल संस्थानों में प्रवेश लेने के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए यह बड़ी खबर है। इस बार राज्य में पहली बार कॉमन एंट्रेंस एग्जाम और एकीकृत काउंसलिंग व्यवस्था लागू की गई है, जिसके तहत सभी संस्थानों में एक समान प्रक्रिया से प्रवेश दिए जाएंगे।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार अभ्यर्थी 5 जून 2026 को दोपहर दो बजे तक विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट एचएनबी चिकित्सा शिक्षा विश्वविद्यालय पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन और शुल्क जमा करने की पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से होगी।
इन पाठ्यक्रमों में मिलेगा प्रवेश
प्रवेश परीक्षा के जरिए राज्य के विभिन्न नर्सिंग एवं पैरामेडिकल संस्थानों में निम्न पाठ्यक्रमों में दाखिला दिया जाएगा—
- एएनएम
- जीएनएम
- बीएससी नर्सिंग
- पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग
- एमएससी नर्सिंग
- एनपीसीसी
- बीएससी पैरामेडिकल
- एमएससी पैरामेडिकल
विश्वविद्यालय का कहना है कि नई व्यवस्था से प्रवेश प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित होगी। छात्रों को अलग-अलग संस्थानों में आवेदन करने की परेशानी से भी राहत मिलेगी।
8 जून से डाउनलोड होंगे एडमिट कार्ड
विश्वविद्यालय की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार अभ्यर्थी 8 जून 2026 को दोपहर दो बजे से अपने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकेंगे। परीक्षा और काउंसलिंग से जुड़ी हर अपडेट विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर जारी की जाएगी।
दो दिन चलेगी प्रवेश परीक्षा
प्रवेश परीक्षा 13 और 14 जून 2026 को दो पालियों में आयोजित की जाएगी।
13 जून 2026 (शनिवार)
- सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक — बीएससी नर्सिंग
- दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक — जीएनएम एवं पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग
14 जून 2026 (रविवार)
- सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक — एएनएम, एमएससी नर्सिंग एवं एनपीसीसी
- दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक — बीएससी पैरामेडिकल एवं एमएससी पैरामेडिकल
राज्यभर में बनाए गए परीक्षा केंद्र
अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए परीक्षा केंद्र राज्य के विभिन्न जिलों में बनाए गए हैं। इनमें देहरादून, हल्द्वानी, पिथौरागढ़, अल्मोड़ा, हरिद्वार, उत्तरकाशी, चम्पावत, बागेश्वर, रुद्रप्रयाग, नई टिहरी, श्रीनगर, गोपेश्वर और रुद्रपुर शामिल हैं।
छात्रों के लिए बड़ी राहत
राज्य में पहली बार लागू की गई एकीकृत प्रवेश और काउंसलिंग प्रणाली को छात्रों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है। अब विद्यार्थियों को अलग-अलग संस्थानों के लिए अलग आवेदन और काउंसलिंग प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे प्रवेश प्रक्रिया अधिक पारदर्शी होने के साथ सीट आवंटन भी बेहतर तरीके से हो सकेगा।

