नई दिल्ली। बरेली के इज्जतनगर थाना क्षेत्र की कैलाशपुरम कॉलोनी में 26 जनवरी को मिला युवक का संदिग्ध शव अब एक सनसनीखेज मर्डर मिस्ट्री बनकर सामने आया है। पहले जिसे आत्महत्या समझा जा रहा था, वह मामला पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद निर्मम हत्या में तब्दील हो गया। रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या (स्ट्रैंगुलेशन) की पुष्टि होते ही पुलिस हरकत में आई और मृतक जितेंद्र यादव की पत्नी ज्योति, उसके पिता कालीचरन और मां चमेली को गिरफ्तार कर लिया गया।
Wife Kills Husband Over Online Gambling Loss, Tries to Pass It Off as Suicide: पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि ऑनलाइन जुए में करीब 20 हजार रुपये हारने को लेकर हुए विवाद के बाद पत्नी ज्योति ने पति जितेंद्र की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद उसने अपने मायके वालों के साथ मिलकर सबूत मिटाने की साजिश रची और शव को मफलर के सहारे वेंटिलेटर से लटका दिया, ताकि मामला आत्महत्या का लगे।
घटनास्थल पर पहुंची पुलिस को शुरू से ही हालात संदिग्ध प्रतीत हुए। शव भले ही लटका हुआ था, लेकिन मृतक के पैर नीचे रखे स्टूल पर टिके थे और जीभ बाहर निकली हुई थी। फॉरेंसिक टीम ने इन परिस्थितियों को आत्महत्या से मेल न खाने वाला बताया, जिसके बाद जांच की दिशा बदल दी गई।
कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच में यह भी सामने आया कि घटना के तुरंत बाद ज्योति ने पुलिस या ससुराल पक्ष को सूचना देने के बजाय अपने मायके वालों से संपर्क किया था। इससे पुलिस का शक और गहरा गया। सख्त पूछताछ में ज्योति ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
जांच में यह भी पता चला कि जितेंद्र और ज्योति ने 25 नवंबर 2025 को प्रेम विवाह किया था। बताया जा रहा है कि जितेंद्र ने इस रिश्ते के लिए करीब नौ साल तक इंतजार किया था। परिजनों का आरोप है कि रोडवेज में कंडक्टर के पद पर कार्यरत ज्योति शादी के बाद से ही पति पर पैतृक संपत्ति बेचकर उसके नाम पर मकान और कार खरीदने का दबाव बना रही थी। मांग पूरी न होने पर दहेज उत्पीड़न में फंसाने की धमकियां भी दी जा रही थीं।
एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देश पर इज्जतनगर पुलिस ने मामले की गहन जांच करते हुए पहले आत्महत्या के लिए उकसावे में दर्ज एफआईआर को बाद में हत्या की गंभीर धाराओं में तब्दील किया। 31 जनवरी को मुखबिर की सूचना पर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
