Weather: उत्तराखंड में फिर बदलेगा मौसम का मिजाज…सात जिलों में येलो अलर्ट, सतोपंथ में सीजन की पहली बर्फबारी

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देहरादून/चमोली। उत्तराखंड में मानसून की विदाई से पहले मौसम एक बार फिर करवट लेने की तैयारी में है। शुक्रवार को प्रदेश के कई पर्वतीय इलाकों में बादल घिरने के साथ बिजली चमकने और गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र ने नैनीताल, बागेश्वर, चंपावत, ऊधमसिंह नगर, अल्मोड़ा, पौड़ी और चमोली के कुछ हिस्सों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम के इस बदलाव के बीच ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड ने भी दस्तक तेज कर दी है।

मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक इन जिलों के कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। वहीं, कुछ स्थानों पर मौसम का असर अपेक्षाकृत ज्यादा दिखाई दे सकता है। यहां 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बारिश के तेज दौर आने की संभावना जताई गई है।

पर्वतीय इलाकों में अगले कुछ दिन भी बारिश के आसार

मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार के बाद भी पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम पूरी तरह साफ रहने की संभावना नहीं है। आने वाले दिनों में ऊंचाई वाले इलाकों में कहीं-कहीं हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। इस दौरान मौसम में अचानक बदलाव और तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।

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मानसून की विदाई के करीब पहुंचने के साथ ही प्रदेश के मौसम में बदलाव साफ दिखाई देने लगा है। मैदानी क्षेत्रों में जहां बारिश का दौर कमजोर पड़ रहा है, वहीं पर्वतीय और ऊंचाई वाले इलाकों में बादल, बारिश और ठंड का असर बढ़ रहा है।

26 से 30 सितंबर के बीच मानसून की विदाई संभव

उत्तराखंड में अब मानसून की विदाई का काउंटडाउन भी शुरू हो गया है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार 26 से 30 सितंबर के बीच प्रदेश से मानसून विदा हो सकता है। मानसून की वापसी के साथ ही प्रदेश में मौसम के अगले चरण की शुरुआत होगी और ऊंचाई वाले इलाकों में ठंड का असर लगातार बढ़ने लगेगा। हालांकि मानसून की विदाई के बाद भी पर्वतीय क्षेत्रों में स्थानीय मौसम परिस्थितियों के कारण हल्की बारिश होने की संभावना बनी रह सकती है।

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बदरीनाथ-सतोपंथ मार्ग पर सीजन की पहली बर्फबारी

इस बीच उत्तराखंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों से सर्दियों की आहट भी मिलने लगी है। बदरीनाथ से सतोपंथ जाने वाले मार्ग पर इस सीजन की पहली बर्फबारी दर्ज की गई है। बुधवार को अपराह्न अचानक मौसम बदला और चक्रतीर्थ क्षेत्र में बर्फबारी शुरू हो गई।

अचानक गिरे बर्फ के फाहों ने यहां मौजूद पर्यटकों को रोमांचित कर दिया। कुछ ही देर में आसपास की चोटियों और सतोपंथ मार्ग का दृश्य पूरी तरह बदल गया। बर्फबारी के बाद पहाड़ों की चोटियां सफेद नजर आने लगीं और क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता देखते ही बन रही थी।

बर्फबारी से बढ़ी ठंड, टेंटों में ठहरे हैं पर्यटक

चक्रतीर्थ क्षेत्र में इन दिनों पर्यटकों के कई टेंट लगे हुए हैं। मौसम में अचानक आए बदलाव और बर्फबारी के बाद यहां ठंड का असर भी बढ़ गया है। पर्यटकों के लिए बर्फबारी जहां रोमांच और आकर्षण का कारण बनी, वहीं ऊंचाई वाले क्षेत्र में मौसम की चुनौती भी बढ़ गई है।

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सतोपंथ मार्ग और आसपास की चोटियों पर हुई पहली बर्फबारी ने संकेत दे दिया है कि उत्तराखंड के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में अब सर्दियों का मौसम दस्तक देने लगा है। आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट के साथ ऊंची चोटियों पर बर्फबारी का सिलसिला बढ़ने की संभावना है।

मानसून की विदाई और बर्फबारी ने दिए मौसम बदलने के संकेत

उत्तराखंड में एक ओर जहां मानसून विदाई की ओर बढ़ रहा है, वहीं दूसरी ओर ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पहली बर्फबारी शुरू हो चुकी है। ऐसे में प्रदेश के मौसम में एक साथ दो अलग-अलग तस्वीरें दिखाई दे रही हैं—मैदानी और निचले पर्वतीय क्षेत्रों में मानसून की विदाई की आहट, जबकि ऊंचे हिमालयी क्षेत्रों में सर्दियों और बर्फबारी का आगाज।

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