Nainital: भीमताल झील किनारे सीवर की दुर्गंध बनी बड़ी समस्या, स्थायी समाधान की उठी मांग

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भीमताल (नैनीताल)। विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भीमताल में झील किनारे उठ रही सीवर की दुर्गंध अब स्थानीय लोगों और पर्यटकों के लिए गंभीर परेशानी का कारण बन गई है। भीमताल-नौकुचियाताल पर्यटन मार्ग पर दीन दयाल पार्क के समीप स्थित सीवर पंप से लगातार आ रही दुर्गंध ने न केवल राहगीरों का चलना मुश्किल कर दिया है, बल्कि पर्यटन नगरी की छवि पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों ने इस समस्या का स्थायी समाधान किए जाने की मांग तेज कर दी है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर की जर्जर और जगह-जगह से लीकेज कर रही सीवर पाइप लाइनें, पुराने पंप हाउस और घटीगाड़ स्थित मुख्य सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से लेकर झील किनारे तक फैली अव्यवस्थित व्यवस्था इस समस्या की मुख्य वजह है। लंबे समय से सीवर ओवरफ्लो और दुर्गंध की शिकायतें की जा रही हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है।

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पर्यटन सीजन के दौरान इस मार्ग से प्रतिदिन हजारों पर्यटक गुजरते हैं। ऐसे में झील किनारे फैली दुर्गंध भीमताल की प्राकृतिक सुंदरता और पर्यटन छवि को नुकसान पहुंचा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जल्द सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो इसका सीधा असर पर्यटन और स्थानीय कारोबार पर पड़ सकता है।

नगरवासियों का आरोप है कि कई बार जल संस्थान, जल निगम, जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के समक्ष यह मुद्दा उठाया जा चुका है, लेकिन विभाग एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालकर अपनी जवाबदेही से बच रहे हैं। वहीं, बजट की कमी का हवाला देकर समस्या को लगातार टाला जा रहा है।

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सामाजिक कार्यकर्ता पूरन बृजवासी ने भीमताल की सीवर व्यवस्था को आधुनिक बनाने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि नैनीताल की तर्ज पर भीमताल में भी सीवर प्रणाली का व्यापक आधुनिकीकरण किया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्याओं से स्थायी रूप से निजात मिल सके।

उन्होंने मांग की है कि नगर में 24 घंटे बड़ी सीवर सक्शन मशीन की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, लीकेज कर रही सीवर लाइनों की स्थायी मरम्मत की जाए, मुख्य सीवेज प्लांट और झील किनारे स्थित पंप स्टेशन का ऊँचीकरण किया जाए तथा नगर के नए विकसित क्षेत्रों में प्रस्तावित सीवर लाइनों का निर्माण शीघ्र शुरू किया जाए।

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भीमताल अपनी प्राकृतिक झील, हरियाली और शांत वातावरण के कारण देश-विदेश के पर्यटकों की पसंदीदा पर्यटन स्थली है। ऐसे में नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते सीवर व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो नगर की स्वच्छता, पर्यावरण और पर्यटन पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।

स्थानीय लोगों ने शासन और प्रशासन से मांग की है कि भीमताल की सीवर व्यवस्था के लिए एक दीर्घकालिक कार्ययोजना तैयार कर मरम्मत और निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए, ताकि झील की स्वच्छता और भीमताल की पर्यटन पहचान सुरक्षित रह सके।

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