हल्द्वानी: राशन कार्ड ई-केवाईसी की समय-सीमा खत्म, नैनीताल जिले में अब भी 37 प्रतिशत यूनिटें अप्रमाणित

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हल्द्वानी। राशन कार्डों की ई-केवाईसी की अंतिम तिथि 31 दिसंबर को जिलेभर में जबरदस्त हलचल देखने को मिली। ठिठुरन भरी ठंड के बावजूद सैकड़ों लोग उचित दर की दुकानों पर देर शाम तक कतारों में खड़े नजर आए। डेडलाइन के दबाव में सिस्टम भी पूरी रफ्तार से चला और एक ही दिन में 9522 यूनिटों का सत्यापन किया गया, जो सामान्य दिनों की तुलना में लगभग दोगुना रहा।

खाद्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार जिले में लाल, सफेद और पीले श्रेणी के कुल 2 लाख 36 हजार 633 राशन कार्ड हैं, जिनसे जुड़ी 9 लाख 60 हजार 410 यूनिटों को प्रतिमाह राशन वितरित किया जाता है। ई-केवाईसी के लिए 31 दिसंबर तक की समय-सीमा तय की गई थी, लेकिन तय अवधि में केवल 6 लाख 12 हजार 225 यूनिटों का ही सत्यापन हो सका। यानी अब भी करीब 37 प्रतिशत यूनिटें प्रक्रिया से बाहर हैं।

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एआरओ विजय जोशी ने बताया कि ई-केवाईसी के तहत हल्द्वानी में सबसे अधिक 5066, रामनगर में 2082, नैनीताल में 1058, धारी में 567, कालाढूंगी में 437 और कौश्याकुटौली में 312 यूनिटों का सत्यापन किया गया। अंतिम दिन कई दुकानों पर देर रात तक काम चलता रहा।

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इधर, ऑल इंडिया फेयर प्राइस शॉप डीलर्स फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष रेवाधर बृजवासी ने बड़ी संख्या में पात्र कार्डधारकों के छूट जाने पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि आम जनता को राहत देने के लिए ई-केवाईसी की समय-सीमा बढ़ाई जानी चाहिए।

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खाद्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिन कार्डधारकों की ई-केवाईसी नहीं हो पाई है, उन्हें आगे भी मौका दिया जाएगा, ताकि कोई भी पात्र लाभार्थी राशन से वंचित न रह जाए।

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