नई दिल्ली। शाहदरा इलाके में शराब पार्टी के दौरान हुए विवाद ने खूनी रूप ले लिया। बहनोई ने अपने दोस्त के साथ मिलकर साले की हत्या कर दी और शव को निर्माणाधीन इमारत की छत पर रेत में दबा दिया। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
मृतक की पहचान 35 वर्षीय राम सेवक के रूप में हुई है, जो मूल रूप से मध्य प्रदेश के टिकमगढ़ जिले के गांव चंदेली का रहने वाला था। वह दिल्ली में मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। परिजनों का आरोप है कि हत्या से पहले उसके सिर पर भारी वस्तु से हमला किया गया और गले पर धारदार हथियार से वार किए गए।
शाहदरा जिला पुलिस उपायुक्त आरपी मीणा ने बताया कि बुधवार शाम नवीन शाहदरा इलाके में एक निर्माणाधीन इमारत की छत पर रेत में दबा शव मिलने की सूचना मिली थी। शव की पहचान नहीं हो पा रही थी, जिसके बाद पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। साथ ही निर्माणाधीन इमारत में काम कर रहे मजदूरों और ठेकेदार से भी पूछताछ की गई।
थाना प्रभारी अरुण कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिरों की मदद से आरोपी आकाश और उसके दोस्त रानू की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आकाश ने खुलासा किया कि मृतक उसका साला राम सेवक था। इसके बाद पुलिस ने परिजनों को घटना की जानकारी दी।
जांच में सामने आया कि राम सेवक नवीन शाहदरा इलाके में किराये के मकान में अकेला रहता था। उसकी पत्नी संगीता, एक बेटा और तीन बेटियां गांव में रहती हैं। रिश्तेदार मिथुन के अनुसार, 20 अप्रैल को आकाश ने राम सेवक को फोन कर अपने पास काम करने के लिए बुलाया था। इसके बाद वह कुछ दिनों से उसके साथ मजदूरी कर रहा था।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वारदात वाले दिन तीनों एक साथ बैठकर शराब पी रहे थे। इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि आकाश और उसके दोस्त रानू ने मिलकर राम सेवक की हत्या कर दी। हत्या के बाद दोनों ने शव को छत पर ले जाकर रेत में दबा दिया, ताकि किसी को घटना की भनक न लगे।
पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। फिलहाल पुलिस हत्या में इस्तेमाल हथियार और अन्य साक्ष्य जुटाने में लगी है।

