तेहरान/वॉशिंगटन। पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य तनाव लगातार गहराता जा रहा है। शुक्रवार को ईरान ने दावा किया कि अमेरिकी सेना ने दक्षिण-पूर्वी ईरान के मकरान क्षेत्र में स्थित रणनीतिक चाबहार बंदरगाह के समुद्री यातायात नियंत्रण टावर को मिसाइल हमले में पूरी तरह नष्ट कर दिया। ईरान ने इसे नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमला बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। वहीं, ईरान ने जवाबी कार्रवाई में कतर स्थित अमेरिका के सबसे बड़े सैन्य अड्डों में शामिल अल उदीद एयरबेस पर मिसाइल हमला करने का भी दावा किया है।
ईरान की समाचार एजेंसी तस्नीम के मुताबिक, अमेरिकी सेना ने तीन मिसाइलें दागकर चाबहार बंदरगाह के समुद्री यातायात नियंत्रण टावर को निशाना बनाया। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि यह पूरी तरह नागरिक उपयोग का ढांचा था, जिसका उपयोग समुद्री यातायात के संचालन और जहाजों की सुरक्षित आवाजाही के लिए किया जाता था। ईरान ने आरोप लगाया कि इस हमले से मछुआरों की आजीविका और आम नागरिकों की समुद्री सुरक्षा प्रभावित हुई है। तेहरान ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानूनों और मानवीय सिद्धांतों का उल्लंघन बताते हुए कहा कि अमेरिका ने एक बार फिर नागरिक ढांचे को निशाना बनाया है।
इसी बीच, ईरान की सरकारी प्रसारक आईआरआईबी के अनुसार, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने हमलों की 15वीं लहर के तहत कतर स्थित अमेरिकी अल उदीद एयरबेस को निशाना बनाया। आईआरजीसी का दावा है कि इस कार्रवाई में एयरबेस की लंबी दूरी की रडार प्रणाली और अमेरिका के कई रणनीतिक ईंधन भरने वाले विमान क्षतिग्रस्त हुए हैं। हालांकि, इन दावों की अमेरिका या कतर की ओर से पुष्टि नहीं की गई है।
आईआरजीसी ने अपने बयान में अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को चेतावनी देते हुए कहा कि नागरिक ठिकानों पर हमलों की “बहुत गंभीर और दुखद कीमत” चुकानी होगी। संगठन ने कहा कि यदि ऐसे हमले जारी रहे तो ईरान और अधिक कड़ा जवाब देगा।
उधर, ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी फार्स के मुताबिक, अमेरिकी हमलों में दक्षिणी ईरान के होर्मोजगान प्रांत के कई अहम पुलों को भी निशाना बनाया गया। इनमें कई पुल रणनीतिक तटीय शहर बंदर अब्बास को जोड़ने वाले मार्गों पर स्थित हैं। इससे पहले बंदर अब्बास के एक रेलवे जंक्शन पर भी हमला होने की जानकारी सामने आई थी। ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, ताजा हमलों में कम से कम सात लोगों की मौत हुई है, जबकि नौ अन्य घायल हुए हैं।
इस बीच, जॉर्डन की सेना ने दावा किया कि उसने अपने हवाई क्षेत्र की ओर बढ़ रही तीन ईरानी मिसाइलों को सफलतापूर्वक मार गिराया। सेना के मुताबिक, इस घटना में किसी तरह के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है। हालांकि, ईरान ने इस विशेष हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।

