
काराकास। दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला में बुधवार शाम आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचा दी। राजधानी काराकास समेत कई क्षेत्रों में इमारतों को नुकसान पहुंचा है, जबकि लोगों में दहशत का माहौल है। भूकंप के बाद प्यूर्टो रिको और वर्जिन द्वीप समूह के लिए सुनामी अलर्ट भी जारी किया गया, जिससे पूरे कैरेबियाई क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई।
जानकारी के अनुसार शाम को कुछ ही मिनटों के अंतराल में आए दो बड़े भूकंपों ने लोगों को संभलने का मौका तक नहीं दिया। झटके इतने तेज थे कि कई इलाकों में लोग घरों, कार्यालयों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से बाहर निकलकर सड़कों पर आ गए।
कुछ ही मिनटों में आए दो बड़े झटके
United States Geological Survey के अनुसार पहला भूकंप 7.2 तीव्रता का था। इसका केंद्र कैरेबियाई तट पर स्थित मोरोन शहर के पश्चिम में और काराकास से लगभग 168 किलोमीटर दूर था। भूकंप की गहराई 13 किलोमीटर दर्ज की गई।
पहले झटके के कुछ ही मिनट बाद दूसरा और अधिक शक्तिशाली भूकंप आया, जिसकी तीव्रता 7.5 मापी गई। इसकी गहराई लगभग 10 किलोमीटर थी और इसका केंद्र मोरोन से करीब 16 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में स्थित था। कम गहराई के कारण दोनों भूकंपों का प्रभाव व्यापक क्षेत्र में महसूस किया गया।
राजधानी काराकास में नुकसान
राजधानी काराकास में भूकंप के झटकों से कई इमारतें बुरी तरह हिल गईं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कुछ स्थानों पर भवनों की दीवारें ढह गईं, जबकि कई संरचनाओं में दरारें पड़ गईं।
अल्तामीरा क्षेत्र में कई इमारतों और मकानों को नुकसान पहुंचने की सूचना है। कुछ स्थानों पर पूरी दीवारें गिर जाने से घरों और कार्यालयों के अंदर रखा सामान बाहर से दिखाई देने लगा। शहर के कई हिस्सों में धूल के बड़े-बड़े गुबार उठते देखे गए, जिससे लोगों में और अधिक भय फैल गया।
सुनामी अलर्ट से बढ़ी चिंता
भूकंप के तुरंत बाद अमेरिकी प्रशांत सुनामी चेतावनी केंद्र ने प्यूर्टो रिको और वर्जिन द्वीप समूह के लिए सुनामी अलर्ट जारी कर दिया। इसके बाद तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया।

हालांकि सुनामी के वास्तविक प्रभाव को लेकर लगातार निगरानी रखी जा रही है, लेकिन अलर्ट जारी होने के बाद संबंधित क्षेत्रों में आपदा प्रबंधन एजेंसियों को सक्रिय कर दिया गया।
सरकार ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
वेनेजुएला के गृह मंत्री डियोसदादो काबेलो ने बताया कि भूकंप के झटके देश के कई राज्यों में महसूस किए गए। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों से इमारतों के क्षतिग्रस्त होने और अन्य चिंताजनक स्थितियों की जानकारी मिली है।
काबेलो ने नागरिकों से फिलहाल खुले स्थानों पर रहने की अपील की है। उनका कहना है कि बड़े भूकंपों के बाद आफ्टरशॉक आने की संभावना बनी रहती है, जिससे पहले से कमजोर हो चुकी इमारतों को और नुकसान पहुंच सकता है।
उन्होंने संकेत दिया कि कुछ लोगों के घायल होने की भी सूचना है, हालांकि विस्तृत आंकड़े अभी सामने नहीं आए हैं।
राहत और बचाव अभियान शुरू
सरकार ने भूकंप के तुरंत बाद आपातकालीन प्रोटोकॉल लागू कर राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया है। पुलिस, दमकल और आपदा प्रबंधन एजेंसियों की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में तैनात की गई हैं। गृह मंत्री ने वाहन चालकों से अपील की कि वे सड़कें खाली रखें ताकि एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन वाहनों को आवागमन में किसी प्रकार की बाधा न हो।]

सरकारी प्रसारण में उन्होंने लोगों से बच्चों, बुजुर्गों और जरूरतमंद लोगों का विशेष ध्यान रखने की अपील करते हुए कहा कि सभी नागरिक एक-दूसरे की सहायता करें और यह सुनिश्चित करें कि आसपास कोई व्यक्ति घायल या सहायता से वंचित न रहे।
नुकसान का आकलन जारी
भूकंप के बाद प्रशासन विभिन्न क्षेत्रों में हुए नुकसान का आकलन कर रहा है। कई इमारतों की संरचनात्मक जांच शुरू कर दी गई है, जबकि प्रभावित इलाकों में बिजली, संचार और अन्य आवश्यक सेवाओं को बहाल करने के प्रयास जारी हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों भूकंपों की तीव्रता काफी अधिक थी और उनकी गहराई कम होने के कारण व्यापक क्षेत्र में झटके महसूस किए गए। ऐसे में आने वाले घंटों में आफ्टरशॉक की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और अफवाहों से बचने की अपील की है।

