देहरादून। उत्तराखंड में मानसून अब और अधिक सक्रिय होने जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र ने शनिवार के लिए प्रदेश के सात जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं 27 और 28 जुलाई को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को देहरादून, पौड़ी गढ़वाल, टिहरी गढ़वाल, बागेश्वर, रुद्रप्रयाग, चमोली और नैनीताल जिलों के कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा प्रदेश के अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज बौछारों का दौर जारी रहने का अनुमान है।
पर्वतीय जिलों के लिए विभाग ने विशेष चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि कई स्थानों पर गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने और वर्षा का दौर तीव्र से अति तीव्र हो सकता है। लगातार बारिश के कारण संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन, चट्टानें गिरने, सड़कें बाधित होने और नदी-नालों के जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी की आशंका बनी हुई है।
मैदानी क्षेत्रों में भी मौसम का असर देखने को मिलेगा। हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जिलों में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। ऐसे में लोगों को खुले मैदानों, खेतों और ऊंचे पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार 27 और 28 जुलाई को प्रदेश में बारिश का दौर और तेज होने की संभावना है। इन दो दिनों के लिए कई क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। विभाग का कहना है कि इस दौरान कुछ स्थानों पर बहुत भारी वर्षा अथवा अतिवृष्टि हो सकती है, जिससे जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है।
लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने भी लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। विशेष रूप से चारधाम यात्रा मार्गों और अन्य पर्वतीय सड़कों पर सफर करने वाले यात्रियों को मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने आपदा प्रबंधन और संबंधित विभागों को भी अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं।

