मोहिनी रोड में घरेलू विवाद के बाद पाठल से पत्नी पर किए कई वार, शव कमरे में छोड़कर सीधे पुलिस के पास पहुंचा आरोपी
देहरादून। गुस्से में उठाया एक कदम इतना भारी पड़ा कि एक परिवार उजड़ गया। डालनवाला थाना क्षेत्र की मोहिनी रोड में घरेलू विवाद के बाद एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी पर धारदार पाठल से हमला कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद वह भागने के बजाय खुद आराघर पुलिस चौकी पहुंच गया। पुलिसकर्मियों के सामने उसने कहा कि उसने अपनी पत्नी को मार डाला है। उसकी बात सुनकर पुलिस भी हैरान रह गई। इसके बाद पुलिस टीम उसे साथ लेकर घर पहुंची तो कमरे में महिला का खून से लथपथ शव पड़ा मिला।
पुलिस के अनुसार अयोध्या निवासी 38 वर्षीय रामजी पाल अपने परिवार और बच्चों के साथ 4/4 मोहिनी रोड स्थित एक मकान के सर्वेंट क्वार्टर में रहता था। बुधवार सुबह करीब साढ़े दस बजे वह बच्चों को स्कूल छोड़कर वापस घर लौटा था। घर पहुंचने के कुछ देर बाद किसी घरेलू बात को लेकर उसका पत्नी सोनू पाल से विवाद हो गया।
बताया जा रहा है कि दोनों के बीच कहासुनी बढ़ती चली गई। इसी दौरान रामजी पाल ने आपा खो दिया। कमरे के पास रखे धारदार पाठल को उठाकर उसने पत्नी के गले पर कई वार कर दिए। हमले में गंभीर रूप से घायल सोनू ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हत्या के बाद झाड़ियों में फेंका हथियार और पहुंच गया चौकी
पत्नी की हत्या करने के बाद आरोपी ने वारदात में इस्तेमाल पाठल को झाड़ियों में फेंक दिया। इसके बाद वह सीधे आराघर पुलिस चौकी पहुंचा। वहां उसने पुलिसकर्मियों को पत्नी की हत्या करने की बात बताई।
आरोपी की बात सुनते ही पुलिस टीम तत्काल उसके साथ मोहिनी रोड स्थित मकान पर पहुंची। आरोपी ने कमरे का ताला खोला तो अंदर का दृश्य देखकर पुलिसकर्मी भी सन्न रह गए। कमरे में सोनू का शव पड़ा था और उसके मुंह तथा गले से खून निकल रहा था।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर घटनास्थल की जांच शुरू कर दी। फोरेंसिक टीम की मदद से भी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। सीओ डालनवाला नितिन लोहानी ने बताया कि आरोपी रामजी पाल को गिरफ्तार कर लिया गया है। हत्या में इस्तेमाल हथियार की तलाश की जा रही है।
‘पत्नी झगड़ा कर रही थी… मैं गुस्से में आ गया’
पुलिस पूछताछ में रामजी पाल ने बताया कि पत्नी के साथ उसका विवाद हो रहा था। उसके अनुसार पत्नी लड़ाई-झगड़ा कर रही थी और इसी दौरान वह आवेश में आ गया। पास में रखा पाठल उठाकर उसने पत्नी पर वार कर दिया।
पुलिस को पूरी घटना बताते-बताते आरोपी भावुक हो गया और फूट-फूटकर रोने लगा। उसने पुलिस को हत्या में इस्तेमाल हथियार की जानकारी भी दी और उसे तलाशने में सहयोग किया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि पति-पत्नी के बीच विवाद की असली वजह क्या थी और इससे पहले भी दोनों के बीच किसी तरह का विवाद या तनाव था या नहीं।
हत्या ने पुलिस सत्यापन व्यवस्था पर भी खड़े किए सवाल
इस सनसनीखेज वारदात के बाद मकान मालिकों की जिम्मेदारी और किरायेदारों के पुलिस सत्यापन को लेकर भी सवाल खड़े हो गए हैं। जिस मकान के सर्वेंट क्वार्टर में आरोपी अपने परिवार के साथ रह रहा था, वहां रहने वाले परिवार का पुलिस सत्यापन नहीं कराया गया था।
हत्या के बाद पुलिस ने मकान मालिक से आरोपी और मृतका के पहचान पत्र मांगे तो वह भी उपलब्ध नहीं करा सके। ऐसे में पुलिस अब मकान मालिक की भूमिका और लापरवाही की भी जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि परिवार कब से सर्वेंट क्वार्टर में रह रहा था और उसे रखने से पहले पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया क्यों पूरी नहीं की गई।
