होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ा तनाव: ईरानी नौसैनिक ठिकानों को बनाया निशाना, अमेरिकी हमले का वीडियो जारी

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वॉशिंगटन: संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने एक वीडियो जारी कर ईरान के नौसैनिक ठिकानों पर हमले का दावा किया है। अमेरिका का कहना है कि यह कार्रवाई उन लक्ष्यों के खिलाफ की गई, जो अंतरराष्ट्रीय जहाजों के लिए खतरा बन रहे थे।

जारी वीडियो के मुताबिक, ये हमले होर्मुज जलडमरूमध्य और उसके आसपास के इलाकों में किए गए। यह क्षेत्र वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि दुनिया के बड़े हिस्से का तेल इसी मार्ग से गुजरता है।

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हालांकि, इस वीडियो को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सवाल भी खड़े हो गए हैं। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने कहा है कि वह वीडियो की लोकेशन और समय की स्वतंत्र पुष्टि नहीं कर सकी है। साथ ही, फुटेज में दिखाई दे रहे जहाजों की पहचान भी स्पष्ट नहीं हो पाई है, जिससे इसके दावों की विश्वसनीयता पर संदेह बना हुआ है।

इस बीच अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने दावा किया कि खाड़ी क्षेत्र में स्थित खर्ग द्वीप पर हमले के बाद ईरान पर दबाव बढ़ा है। उन्होंने कहा कि यह द्वीप ईरान के लगभग 90 प्रतिशत कच्चे तेल निर्यात का प्रमुख केंद्र है।

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वहीं, ईरान ने अमेरिकी दावों को खारिज करते हुए कहा है कि हमलों के बावजूद तेल निर्यात सामान्य रूप से जारी है और किसी बड़े नुकसान की पुष्टि नहीं हुई है।

विशेषज्ञों के अनुसार, होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति की ‘लाइफलाइन’ है, जहां से करीब 20 प्रतिशत तेल का परिवहन होता है। ऐसे में इस क्षेत्र में किसी भी तरह का सैन्य तनाव सीधे तौर पर अंतरराष्ट्रीय बाजार और तेल की कीमतों को प्रभावित कर सकता है।

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अमेरिका ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान इस मार्ग को बाधित करने की कोशिश करता है, तो ऊर्जा ठिकानों पर और कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। मौजूदा हालात को देखते हुए मिडिल ईस्ट में तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है, जिसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है।

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