हल्द्वानी। उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय (यूओयू) में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए बड़ी राहत भरी खबर है। अब छात्रों को ऑनलाइन प्रवेश शुल्क जमा करते समय निर्धारित फीस के अलावा किसी भी प्रकार का अतिरिक्त भुगतान शुल्क (कन्वीनियंस या पेमेंट चार्ज) नहीं देना होगा। विश्वविद्यालय और पंजाब नेशनल बैंक (रेलवे बाजार शाखा, हल्द्वानी) के संयुक्त प्रयास से यह व्यवस्था लागू की गई है, जिससे हजारों विद्यार्थियों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, पहले ऑनलाइन माध्यम से प्रवेश शुल्क जमा करने पर विद्यार्थियों को निर्धारित फीस के अतिरिक्त कन्वीनियंस चार्ज देना पड़ता था। इससे छात्रों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता था। इस समस्या को देखते हुए पंजाब नेशनल बैंक ने अपने तकनीकी सहयोगी PAYU के माध्यम से नया डिजिटल पेमेंट गेटवे उपलब्ध कराया है। इसके जरिए अब विद्यार्थी क्रेडिट कार्ड, नेट बैंकिंग, यूपीआई और अन्य डिजिटल माध्यमों से बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के सुरक्षित तरीके से फीस जमा कर सकेंगे।
दो लाख रुपये से अधिक शुल्क का सफलतापूर्वक हुआ संग्रह
विश्वविद्यालय में आयोजित बैठक में बताया गया कि नए पेमेंट गेटवे के माध्यम से अब तक दो लाख रुपये से अधिक की प्रवेश शुल्क राशि सफलतापूर्वक जमा की जा चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि नई व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी, सुरक्षित और छात्र हितों को ध्यान में रखकर तैयार की गई है।
छात्र हित सर्वोपरि, अतिरिक्त आर्थिक बोझ खत्म: कुलपति
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चन्द्र लोहनी ने कहा कि उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय हमेशा विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। उन्होंने बताया कि कार्यभार संभालने के बाद उन्हें जानकारी मिली थी कि ऑनलाइन भुगतान के दौरान विद्यार्थियों से अतिरिक्त शुल्क लिया जा रहा है। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए पंजाब नेशनल बैंक के सहयोग से इसका स्थायी समाधान निकाला गया।
उन्होंने कहा कि अब विद्यार्थियों को केवल निर्धारित प्रवेश शुल्क ही जमा करना होगा। इससे न केवल अनावश्यक आर्थिक बोझ समाप्त होगा, बल्कि विश्वविद्यालय की डिजिटल भुगतान व्यवस्था भी अधिक पारदर्शी, सरल और छात्र-केंद्रित बनेगी। कुलपति ने इस सहयोग के लिए पंजाब नेशनल बैंक का आभार व्यक्त करते हुए विश्वविद्यालय के लिए बैंक द्वारा किए जा रहे विभिन्न कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) कार्यों की भी सराहना की।
9,500 से अधिक विद्यार्थियों ने लिया प्रवेश
विश्वविद्यालय के प्रवेश प्रभारी डॉ. सुमित प्रसाद ने बताया कि वर्तमान ग्रीष्मकालीन प्रवेश सत्र में अब तक 9,500 से अधिक विद्यार्थी प्रवेश ले चुके हैं। उन्होंने कहा कि जल्द ही विश्वविद्यालय की परीक्षा संबंधी विभिन्न शुल्कों के ऑनलाइन भुगतान को भी इसी पीएनबी पेमेंट गेटवे से जोड़ा जाएगा। इससे विद्यार्थियों को एक ही प्लेटफॉर्म पर सभी प्रकार के शुल्क जमा करने की सुविधा मिल सकेगी।
डिजिटल भुगतान को मिलेगा बढ़ावा
विश्वविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. गिरिजा पाण्डेय ने इस पहल को विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय बताते हुए पंजाब नेशनल बैंक का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि अतिरिक्त भुगतान शुल्क समाप्त होने से छात्रों का डिजिटल भुगतान प्रणाली पर भरोसा और मजबूत होगा। साथ ही यह कदम डिजिटल इंडिया अभियान को भी मजबूती देगा।
उन्होंने सुझाव दिया कि पंजाब नेशनल बैंक विश्वविद्यालय के सामुदायिक रेडियो “हैलो हल्द्वानी” के माध्यम से वित्तीय साक्षरता, डिजिटल बैंकिंग और जनजागरूकता से जुड़े कार्यक्रम भी प्रसारित कर सकता है।
विद्यार्थियों के साथ साझेदारी निभाता रहेगा पीएनबी
पंजाब नेशनल बैंक, रेलवे बाजार शाखा, हल्द्वानी की शाखा प्रबंधक श्रीमती बबीता कांडपाल ने कहा कि बैंक विद्यार्थियों को सुरक्षित, सरल और अतिरिक्त शुल्क मुक्त डिजिटल भुगतान सुविधा उपलब्ध कराकर स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहा है। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण और किफायती शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए बैंक भविष्य में भी विश्वविद्यालय के साथ विभिन्न सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) गतिविधियों में सक्रिय सहयोग करता रहेगा।
बैठक के दौरान पंजाब नेशनल बैंक की ओर से विश्वविद्यालय के सामुदायिक रेडियो “हैलो हल्द्वानी” की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए सैमसंग गैलेक्सी S25 स्मार्टफोन भी भेंट किया गया।
विद्यार्थियों के हित में ऐतिहासिक पहल
कार्यक्रम के अंत में विश्वविद्यालय के कुलसचिव खेमराज भट्ट ने सभी अतिथियों और अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह पहल विद्यार्थियों के हित में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने विश्वास जताया कि भविष्य में भी विश्वविद्यालय और बैंक के सहयोग से छात्र सुविधाओं को और अधिक आधुनिक एवं सुलभ बनाया जाएगा।

