उत्तराखंड: पहाड़ों में मूसलाधार बारिश से गंगा नदी उफान पर, घाट खाली कराए गए

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देहरादून। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही भारी बारिश और चमोली जिले में बादल फटने की घटना के बाद गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। ऋषिकेश और हरिद्वार के गंगा घाटों को खाली करा दिया गया है। जल पुलिस घाट किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दे रही है।

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हरिद्वार के जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने गंगा किनारे रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों, उप जिलाधिकारियों और पुलिस को हाई अलर्ट पर रखते हुए अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।

चमोली में रास्ते में ही प्रसव
भारी बारिश से बंद पड़ी सड़कों के बीच चमोली जिले के नारायणबगड़ ब्लॉक के सिलोडी गांव की कविता देवी ने अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में बच्चे को जन्म दे दिया। प्रसव पीड़ा बढ़ने पर ग्रामीणों की मदद से महिला का प्रसव कराया गया। जच्चा-बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। बाद में डंडी-कंडी से महिला को नारायणबगड़ के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया।

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बरसाती गदेरों का कहर
चमोली के दशौली ब्लॉक के कोंज पोथनी गांव के पास बरसाती गदेरे के उफान पर आने से पैदल पुल बह गया है। अब ग्रामीण जान जोखिम में डालकर उफनते गदेरे से ही आवाजाही करने को मजबूर हैं। वहीं, गांव के ऊपर पहाड़ी से लुढ़का एक बोल्डर गोशाला तक आ पहुंचा, जिससे गांव पर खतरा मंडराने लगा है।