कोलंबो: आईसीसी मेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप-बी मुकाबले में बड़ा उलटफेर देखने को मिला। कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में खेले गए इस मैच में जिम्बाब्वे ने पूर्व चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को 23 रन से हराकर टूर्नामेंट में सनसनी फैला दी। टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास में यह लगातार दूसरी बार है जब जिम्बाब्वे ने ऑस्ट्रेलिया को मात दी है। इससे पहले 2007 के संस्करण में भी जिम्बाब्वे ने कंगारू टीम को हराकर बड़ा उलटफेर किया था। 19 साल बाद एक बार फिर इतिहास दोहराया गया।
170 रन का लक्ष्य, लेकिन लड़खड़ा गई कंगारू बल्लेबाजी
जिम्बाब्वे द्वारा दिए गए 170 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। जिम्बाब्वे के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही दबाव बनाकर रखा।
महज 29 रन के स्कोर पर ऑस्ट्रेलिया ने अपने चार प्रमुख विकेट गंवा दिए। जोश इंग्लिस, कैमरन ग्रीन, टिम डेविड और ट्रेविस हेड जैसे बल्लेबाज बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे।
मैक्सवेल–रेनशॉ की साझेदारी, लेकिन नहीं बचा सके मैच
मध्यक्रम में ग्लेन मैक्सवेल और मैट रेनशॉ ने पारी को संभालने की कोशिश की। दोनों के बीच 59 गेंदों में 77 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी हुई, जिससे मुकाबला रोमांचक हो गया।
हालांकि, रयान बर्ल ने मैक्सवेल (31) को आउट कर ऑस्ट्रेलिया को बड़ा झटका दिया। इसके बाद मार्कस स्टोइनिस और बेन ड्वारशुइस भी सस्ते में आउट हो गए। मैट रेनशॉ ने 44 गेंदों में 65 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेली, लेकिन 139 रन के स्कोर पर उनके आउट होते ही ऑस्ट्रेलिया की जीत की उम्मीदें लगभग समाप्त हो गईं। पूरी टीम लक्ष्य से 23 रन पीछे रह गई।
बेनेट और रजा की दमदार बल्लेबाजी
टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला ऑस्ट्रेलिया के लिए उल्टा पड़ गया। जिम्बाब्वे ने निर्धारित 20 ओवर में 2 विकेट खोकर 169 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
ब्रायन बेनेट ने 56 गेंदों में नाबाद 64 रन की संयमित पारी खेली। तादिवानाशे मारुमानी और रयान बर्ल ने 35-35 रन का उपयोगी योगदान दिया। अंत में कप्तान सिकंदर रजा ने 13 गेंदों में नाबाद 25 रन बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
गेंदबाजी में दिखी ऑस्ट्रेलिया की कमजोरी
ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजी आक्रमण में पैट कमिंस और जोश हेजलवुड की कमी साफ नजर आई। उनकी अनुपस्थिति में गेंदबाजी में वह धार नहीं दिखी, जिसकी टीम को जरूरत थी। स्पिनर एडम जाम्पा भी प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे। उन्होंने चार ओवर में 31 रन दिए और कोई विकेट हासिल नहीं किया।
ग्रुप-बी में बढ़ा रोमांच
जिम्बाब्वे की इस ऐतिहासिक जीत से ग्रुप-बी की अंक तालिका में हलचल मच गई है। यह मुकाबला एक बार फिर साबित करता है कि टी20 क्रिकेट में किसी भी टीम को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है।
यह जीत जिम्बाब्वे के लिए आत्मविश्वास बढ़ाने वाली साबित होगी, जबकि ऑस्ट्रेलिया को आगे के मुकाबलों में रणनीति पर पुनर्विचार करना होगा।
