नई दिल्ली। टी20 विश्व कप चैंपियन भारतीय टीम की लगातार खराब फॉर्म के बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने बड़ा कदम उठाने का फैसला किया है। इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज गंवाने के बाद बोर्ड ने पुरुष टी20 टीम के प्रदर्शन की विस्तृत समीक्षा करने का ऐलान किया है। इंग्लैंड दौरा समाप्त होते ही टीम की लगातार दो टी20 सीरीज में हार, कमजोर प्रदर्शन और रणनीतिक खामियों पर विस्तार से मंथन किया जाएगा।
बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि भारतीय पुरुष टी20 टीम फिलहाल कठिन दौर से गुजर रही है। उन्होंने कहा कि इंग्लैंड और उससे पहले आयरलैंड के खिलाफ टीम का प्रदर्शन उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा। ऐसे में दौरा समाप्त होने के बाद समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें यह विश्लेषण किया जाएगा कि टीम किन समस्याओं से जूझ रही है और उन्हें दूर करने के लिए क्या कदम उठाए जाने चाहिए।
सैकिया के अनुसार, इंग्लैंड के खिलाफ 19 जुलाई को समाप्त होने वाली वनडे सीरीज के तुरंत बाद समीक्षा बैठक होगी। इसमें टीम प्रबंधन, चयन और खिलाड़ियों के प्रदर्शन से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
आयरलैंड के बाद इंग्लैंड में भी निराशा
भारतीय टीम ने सबसे पहले आयरलैंड के खिलाफ पहली बार किसी द्विपक्षीय टी20 सीरीज में 0-2 से हार का सामना किया। इसके बाद इंग्लैंड दौरे पर भी प्रदर्शन में सुधार नहीं दिखा। ब्रिस्टल में खेले गए चौथे टी20 मुकाबले में भारत को नौ विकेट से करारी शिकस्त मिली, जिसके साथ ही इंग्लैंड ने पांच मैचों की सीरीज में 3-0 की अजेय बढ़त बना ली।
इस मुकाबले में कप्तान श्रेयस अय्यर ने नाबाद 80 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेली, लेकिन बाकी बल्लेबाज खराब शॉट चयन और बड़ी साझेदारी बनाने में नाकाम रहे। भारत ने सात विकेट पर 158 रन बनाए, जिसे इंग्लैंड ने महज 13.5 ओवर में एक विकेट खोकर हासिल कर लिया। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने नाबाद 79 और फिल सॉल्ट ने नाबाद 59 रन बनाकर भारतीय गेंदबाजों को पूरी तरह बेअसर कर दिया।
समीक्षा में इन मुद्दों पर रहेगा फोकस
बीसीसीआई की समीक्षा बैठक में टीम के कई अहम पहलुओं पर चर्चा होने की संभावना है। इनमें शीर्ष क्रम और मध्यक्रम की लगातार नाकामी, तेज और सीम मूवमेंट वाली पिचों के अनुसार बल्लेबाजी में बदलाव नहीं कर पाना, जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पांड्या की गैरमौजूदगी में गेंदबाजी का कमजोर प्रदर्शन, लगातार बदलता टीम संयोजन और फील्डिंग का गिरता स्तर प्रमुख मुद्दे होंगे।
आखिरी टी20 में बचानी होगी साख
अब भारतीय टीम की नजर शनिवार को साउथम्प्टन के रोज बाउल में खेले जाने वाले पांचवें और अंतिम टी20 मुकाबले पर होगी। टीम हर हाल में जीत दर्ज कर सीरीज का समापन सम्मानजनक तरीके से करना चाहेगी। यदि भारत यह मुकाबला भी हार जाता है तो उसे पुरुष टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में शीर्ष स्थान गंवाने का खतरा भी रहेगा।
इंग्लैंड दौरे के बाद भारत को 23 जुलाई से जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मैचों की टी20 सीरीज खेलनी है। ऐसे में सभी की निगाहें बीसीसीआई की समीक्षा बैठक पर रहेंगी कि उसके फैसलों का असर टीम के चयन, रणनीति और प्रदर्शन पर कितना दिखाई देता है।

