हल्द्वानी। उत्तराखंड की कृषि उपज मंडियों में अब सुरक्षा और पारदर्शिता को नई पहचान मिलने जा रही है। इसकी शुरुआत कुमाऊं के सबसे बड़े कारोबारी केंद्र हल्द्वानी स्थित मंडी से होगी, जहां प्रवेश व्यवस्था को पूरी तरह नियंत्रित करने के लिए अत्याधुनिक बूम बैरियर लगाए जाएंगे।
यह पहल उत्तराखंड कृषि उत्पादन विपणन बोर्ड द्वारा की जा रही है, जिसके तहत मंडी परिसर को हाईटेक निगरानी तंत्र से लैस किया जाएगा।
मार्च के पहले सप्ताह तक लग जाएंगे बूम बैरियर
बोर्ड के महाप्रबंधक (वित्त) जुबक सक्सेना ने बताया कि मार्च के पहले सप्ताह तक हल्द्वानी मंडी में बूम बैरियर स्थापित कर दिए जाएंगे। इससे मंडी परिसर में प्रवेश करने वाले हर वाहन की निगरानी और पंजीकरण सुनिश्चित किया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि यह कदम सिर्फ सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे राजस्व पारदर्शिता भी बढ़ेगी और मंडी संचालन में अनुशासन आएगा।
सीसीटीवी कैमरों से होगी 24×7 निगरानी
मंडी परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। प्रमुख गेट, नीलामी स्थल, गोदाम और अन्य संवेदनशील स्थानों को चिह्नित कर वहां कैमरे लगाए जाएंगे।
इन कैमरों के माध्यम से हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी, जिससे अवैध प्रवेश, बिना पंजीकरण वाहनों की आवाजाही और अनियमितताओं पर प्रभावी रोक लग सकेगी।
मासिक बैठक में जारी होंगे सख्त दिशा-निर्देश
अगले माह निदेशालय में आयोजित होने वाली मासिक बैठक में सभी मंडी सचिवों को सुरक्षा व्यवस्था, प्रवेश नियंत्रण प्रणाली और राजस्व पारदर्शिता को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए जाएंगे।
बैठक में यह भी तय किया जाएगा कि अन्य जिलों की मंडियों में इस मॉडल को किस तरह चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाए।
व्यापारियों और किसानों को मिलेगा सुरक्षित माहौल
नई व्यवस्था लागू होने से मंडी में आने वाले किसानों और व्यापारियों को अधिक सुरक्षित एवं व्यवस्थित वातावरण मिलेगा।
अनधिकृत वाहनों पर अंकुश लगेगा, अवैध गतिविधियों पर सख्त निगरानी होगी, लेन-देन प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी।
