नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच सोशल मीडिया पर एक पोस्ट तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि बहरीन में एक भारतीय जासूस को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि भारत सरकार ने इस दावे को पूरी तरह फर्जी और भ्रामक बताया है।
वायरल पोस्ट में कहा गया था कि बहरीन के अधिकारियों ने नितिन मोहन नाम के एक भारतीय टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियर को हिरासत में लिया है। आरोप लगाया गया कि वह इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद को संवेदनशील सूचनाएं भेज रहा था। पोस्ट में यह भी दावा किया गया कि बहरीन सरकार ने इस गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि कर दी है।
विदेश मंत्रालय ने बताया पूरी तरह फर्जी
इन दावों के वायरल होने के बाद विदेश मंत्रालय (भारत) ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए इसे पूरी तरह झूठा और निराधार बताया। मंत्रालय ने सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट का स्क्रीनशॉट साझा करते हुए लिखा,
“फेक न्यूज अलर्ट – सोशल मीडिया पर किया जा रहा यह दावा पूरी तरह झूठा और निराधार है। ऐसे भ्रामक पोस्ट से सावधान रहें।”
PIB ने भी किया स्पष्ट
इस मामले में प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक टीम ने भी स्पष्ट किया कि बहरीन में किसी भारतीय जासूस की गिरफ्तारी की खबर का कोई आधिकारिक आधार नहीं है। PIB ने कहा कि यह पोस्ट पूरी तरह भ्रामक है और लोगों को इसे आगे साझा करने से बचना चाहिए।
लोगों से सावधानी बरतने की अपील
सरकार ने आम लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट खबरों पर भरोसा न करें। केवल आधिकारिक सरकारी स्रोतों या विश्वसनीय मीडिया संस्थानों से मिली जानकारी पर ही विश्वास करें।
विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय तनाव के माहौल में अक्सर सोशल मीडिया पर अफवाहें तेजी से फैलती हैं, जिससे भ्रम की स्थिति पैदा हो सकती है। ऐसे में सतर्क रहना और किसी भी जानकारी को साझा करने से पहले उसकी पुष्टि करना बेहद जरूरी है।
