ओडिशा के केआईआईटी यूनिवर्सिटी में नेपाली छात्रा की संदिग्ध मौत, विदेश मंत्रालय ने शुरू की कूटनीतिक जांच

खबर शेयर करें

नई दिल्ली/भुवनेश्वर: ओडिशा के भुवनेश्वर स्थित कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी (केआईआईटी) विश्वविद्यालय में पढ़ने वाली नेपाल की एक छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। मृतका की पहचान प्रिसा साह के रूप में हुई है, जो बीटेक प्रथम वर्ष की छात्रा थी। गुरुवार को उसका शव छात्रावास के कमरे में मिला। घटना की जानकारी विश्वविद्यालय प्रशासन ने परिजनों को दी।

घटना के बाद नेपाल की विदेश मंत्री आरजू राना देउबा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर दुःख जताते हुए लिखा, “भारत के ओडिशा में केआईआईटी विश्वविद्यालय में पढ़ने वाली नेपाली छात्रा प्रिसा साह की मृत्यु की खबर से सभी आहत हैं। मैं उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करती हूं और शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करती हूं।”

यह भी पढ़ें 👉  वैलेंटाइन डे पर दर्दनाक कदम: IIT की जूनियर टेक्नीशियन ने फांसी लगाई, डायरी में मंगेतर की नाराजगी का जिक्र

विदेश मंत्री ने यह भी बताया कि घटना के बाद नेपाल सरकार ने भारत सरकार, ओडिशा प्रशासन और दिल्ली स्थित नेपाली दूतावास के वरिष्ठ अधिकारियों से संपर्क कर मामले की सच्चाई जानने के लिए कूटनीतिक पहल शुरू कर दी है।

यह भी पढ़ें 👉  भारतीय मूल के ज़ोहरान ममदानी बने न्यूयॉर्क के मेयर, ट्रंप की धमकियों के बीच रचा इतिहास

ओडिशा सरकार द्वारा जारी आधिकारिक बयान में कहा गया है कि घटना की जानकारी मिलते ही फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी गई। राज्य सरकार ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा है कि मामले की गहन जांच की जा रही है। वरिष्ठ पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और आवश्यक कार्रवाई की।

गौरतलब है कि यह मामला हाल के महीनों में नेपाली छात्रा की संदिग्ध मौत का दूसरा मामला है। इससे पहले 16 फरवरी को बीटेक तृतीय वर्ष की छात्रा प्रकृति लामसाल का शव भी हॉस्टल में मिला था। उस मामले में आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज हुआ था और करीब 10 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई थी।

यह भी पढ़ें 👉  Uttarakhand: गीता प्रेस के ‘कल्याण’ पत्रिका के शताब्दी अंक का विमोचन, अमित शाह बोले-सनातन चेतना का विश्वव्यापी पथप्रदर्शक है ‘कल्याण’

लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से विश्वविद्यालय में पढ़ रहे विदेशी छात्रों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं। अब सबकी निगाहें इस मामले की जांच पर टिकी हैं।

ADVERTISEMENTS Ad

You cannot copy content of this page