हल्द्वानी। सुखवंत सिंह आत्महत्या प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए गठित विशेष जांच टीम (SIT) ने जांच तेज कर दी है। SIT प्रमुख एवं IG STF नीलेश आनन्द भरणे शनिवार को अपनी टीम के साथ काठगोदाम पहुंचे, जहां उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान एफएसएल टीम की मदद से आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए गए तथा स्वतंत्र गवाहों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस मुख्यालय उत्तराखण्ड ने इस संबंध में विस्तृत प्रेस विज्ञप्ति जारी की है।
“SIT Takes Charge: Crime Scene Examined, Evidence Secured”: SIT प्रमुख ने बताया कि ऊधमसिंहनगर पुलिस कार्यालय, थाना ITI, चौकी पैगा सहित सभी संबंधित कार्यालयों में उपलब्ध प्रकरण से जुड़े दस्तावेजों और अभिलेखों को संरक्षित किया जा रहा है, ताकि जांच की निष्पक्षता और साक्ष्यों की शुचिता बनी रहे। पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने के लिए SIT के अतिरिक्त स्थानीय पुलिस को पीड़ित परिवार या गवाहों से अनावश्यक संपर्क न करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
पीड़ित परिवार एवं गवाहों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए अन्य जनपदों से पुलिस गार्द की तैनाती की जा रही है। वहीं, तकनीकी विश्लेषण को मजबूत करने के लिए SIT में 6 पुलिसकर्मियों को विशेष रूप से शामिल किया गया है, जिनमें 3 उप निरीक्षक, 2 हेड कांस्टेबल और 1 कांस्टेबल शामिल हैं।
देर सायं SIT टीम ने पीड़ित परिवार से भी मुलाकात की। SIT चीफ भरणे ने भरोसा दिलाया कि इस संवेदनशील मामले की जांच तथ्यों, साक्ष्यों और विधिक प्रावधानों के आधार पर पूरी निष्पक्षता से की जा रही है। उन्होंने बताया कि घटनास्थल निरीक्षण के बाद थाना ITI में दर्ज FIR को थाना काठगोदाम स्थानांतरित किया जा रहा है और विवेचना में विधिसम्मत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि पूरे प्रकरण की निगरानी उच्च स्तर पर की जा रही है और जांच में किसी भी स्तर पर लापरवाही या दबाव को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
