वाशिंगटन। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को चेतावनी दी है कि यदि वह यूक्रेन युद्ध समाप्त करने में सहयोग नहीं करते, तो रूस से आयातित तेल पर 25% टैरिफ लगाया जाएगा।
‘मैं पुतिन से नाराज हूं’ – ट्रंप
एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, “जब पुतिन ने यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की की वैधता पर सवाल उठाना शुरू किया, तो मैं बेहद नाराज हुआ। यह सही दिशा में नहीं जा रहा है।” ट्रंप के अनुसार, रूस यूक्रेन में नई सरकार चाहता है, लेकिन इससे युद्धविराम समझौते में देरी हो सकती है।
ट्रंप ने साफ कहा कि अगर रूस युद्धविराम के लिए कदम नहीं उठाता, तो वह रूस से आने वाले सभी तेल पर द्वितीयक टैरिफ लगाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वह इस हफ्ते पुतिन से बातचीत की योजना बना रहे हैं।
यूक्रेन पर संयुक्त राष्ट्र के प्रस्ताव को रूस ने ठुकराया
रूस ने हाल ही में संयुक्त राष्ट्र की देखरेख में यूक्रेन में एक नया अस्थायी प्रशासन गठित करने का सुझाव दिया था। हालांकि, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने इस प्रस्ताव को तुरंत खारिज कर दिया। रूस का दावा है कि यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, और जब तक नया चुनाव नहीं होता, तब तक उनकी वैधता संदेहास्पद बनी रहेगी।
भारत पर पड़ सकता है असर
ट्रंप पहले ही वेनेजुएला से तेल और गैस खरीदने वाले देशों पर 25% टैरिफ लगाने की घोषणा कर चुके हैं। अब अगर वह रूसी तेल पर भी यही कदम उठाते हैं, तो इसका सबसे बड़ा असर भारत और चीन पर पड़ेगा। भारत मौजूदा समय में रूस से तेल का सबसे बड़ा खरीदार है। यदि ट्रंप ने रूसी तेल पर टैरिफ लगा दिया, तो इससे भारत के ऊर्जा क्षेत्र पर आर्थिक दबाव बढ़ सकता है।